बॉलीवुड के 'धुरंधर' रणवीर सिंह के खिलाफ FWICE (फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉई) ने बड़ा कदम उठाया है। FWICE ने एक्टर पर बैन लगाकर उनके खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव जारी कर दिया है।
इसके साथ ही पूरी इंडस्ट्री से कह दिया गया है कि रणवीर सिंह के साथ काम न किया जाए। माना जा रहा है कि FWICE ने यह कदम रणवीर सिंह के 'डॉन 3' छोड़ने की वजह से उठाया है।
नवभारत टाइम्स की मीडिया रिपोर्ट में FWICE के एक आधिकारिक बयान के हवाले से बताया गया है कि इंडियन फिल्म एंड टेलीविजन डायरेक्टर्स एसोसिएशन (IFTDA) के जरिए दर्ज करायी गयी एक शिकायत के बाद ही FWICE ने यह फैसला लिया है। बता दें, IFTDA के सदस्य फरहान अख्तर भी हैं।
न्यूज 18 की मीडिया रिपोर्ट के हवाले से बताया जाता है कि FWICE के चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने इस मामले को गंभीर बताया था। साथ ही फिल्म की शूटिंग शुरू होने से कुछ दिनों पहले ही फिल्म छोड़ देने के एक्टर्स के बदलते ट्रेंड पर अपनी चिंता भी जाहिर की थी। दैनिक जागरण की मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक FWICE ने सोमवार (25 मई) को एक बयान जारी करते हुए रणवीर सिंह पर 'नॉन-कोऑपरेशन' का आरोप लगाया।
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बताया जाता है कि फरहान अख्तर FWICE के पास अप्रैल में रणवीर सिंह की शिकायत करने पहुंचे थे।
शूटिंग शुरू से ठीक पहले छोड़ी फिल्म
FWICE के चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने कहा कि एसोसिएशन के प्रमुख होने के नाते मुझे वह शिकायत मिली। अभिनेता रणवीर सिंह के खिलाफ फरहान अख्तर शिकायत दर्ज करवाने के लिए मुझसे मिलना चाहते थे। उन्होंने बताया कि रणवीर सिंह के खिलाफ शिकायत में आरोप लगाया गया है कि शूटिंग के लिए यूनिट के रवाना होने से महज 3 सप्ताह पहले उन्होंने 'डॉन 3' से अपना नाम वापस ले लिया। इस वजह से प्रोजेक्ट अधर में लटक गयी।
बताया जाता है कि फरहान अख्तर और प्रोड्यूसर रितेश सिधावनी की फेडरेशन से करीब 2 घंटे तक बातचीत हुई। इस दौरान रणवीर सिंह को भी अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया गया था। उन्हें कई बार रिमाइंडर भी भेजा गया लेकिन एक्टर की तरफ से कोई जवाब नहीं आया।
मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है फेडरेशन के प्रेस कांफ्रेंस करने के बाद रणवीर सिंह की टीम की तरफ से ईमेल कर FWICE के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठाया गया है।