नई दिल्ली: बंगाली सिनेमा के दिग्गज अभिनेता प्रसेनजीत चटर्जी को सोमवार को पद्म श्री सम्मान से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में आयोजित नागरिक अलंकरण समारोह में उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया।
भारतीय सिनेमा, खासकर बंगाली फिल्मों में लंबे समय से दिए गए योगदान के लिए प्रसेनजीत चटर्जी को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक पद्म श्री दिया गया। समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित कई प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं। इस अवसर पर प्रसेनजीत पारंपरिक सुनहरे रंग के कुर्ता-पायजामा में नजर आए।
गणतंत्र दिवस 2026 की पूर्व संध्या पर गृह मंत्रालय ने इस वर्ष के पद्म पुरस्कारों की घोषणा की थी। कला, शिक्षा, खेल और अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले कई लोगों के साथ प्रसेनजीत चटर्जी का नाम भी इस सूची में शामिल किया गया था। अभिनेता और निर्देशक के रूप में उन्होंने तीन दशकों से अधिक लंबे करियर में 200 से ज्यादा फिल्मों में काम किया है।
एक वीडियो संदेश में प्रसेनजीत चटर्जी ने कहा कि वह भारत सरकार के इस सम्मान के लिए बेहद आभारी हैं। उन्होंने कहा कि पिछले 40 वर्षों की उनकी यात्रा में निर्माता, निर्देशक, सह-कलाकार और उनके साथ काम करने वाले सभी लोगों का बड़ा योगदान रहा है। उनके मुताबिक, यह सम्मान सिर्फ उनका नहीं बल्कि उन सभी लोगों का है जिन्होंने उन्हें प्रसेनजीत चटर्जी बनाया। उन्होंने राष्ट्रपति से पुरस्कार प्राप्त करना अपने जीवन की बड़ी उपलब्धि बताया।
प्रसेनजीत ने मुख्य रूप से बंगाली फिल्म उद्योग में काम किया है और ‘छोटो जिज्ञासा’, ‘अमर संगी’, ‘चोखेर बाली’, ‘शोब चरित्रो कल्पोनिक’, ‘मनेर मानुष’, ‘जातिश्वर’, ‘बाइस श्राबोन’, ‘शंखचिल’ और ‘ऑटोग्राफ’ जैसी चर्चित फिल्मों में अभिनय किया है। बंगाली फिल्मों के अलावा उन्होंने बॉलीवुड की ‘शंघाई’, ‘ट्रैफिक’ और ‘मालिक’ जैसी फिल्मों में भी काम किया है। साथ ही वह ‘जुबली’ और ‘खाकी: द बंगाल चैप्टर’ जैसी वेब सीरीज का भी हिस्सा रहे हैं। हाल ही में प्रसेनजीत चटर्जी फिल्म ‘विजयनगरेर हीरे’ में दिखाई दिए थे, जिसका निर्देशन चंद्राशीष राय ने किया था। इस फिल्म में आर्यन भौमिक भी मुख्य भूमिका में नजर आए थे।