वित्तीय घोटाले के आरोप में उत्तर 24 परगना जिले के बादुरिया नगर पालिका के चेयरमैन दीपंकर भट्टाचार्य को गिरफ्तार किया गया है। उन्हें सोमवार (25 मई) की रात को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इसके बाद उनके घर के पास मौजूद नगर पालिका के कम्प्यूटर ट्रेनिंग सेंटर के एक कमरे से पुलिस ने रुपयों का पहाड़ बरामद किया गया।
समाचार लिखे जाने तक उक्त कम्प्यूटर ट्रेनिंग सेंटर से नगद ₹80 लाख बरामद किया गया है।
सोमवार (25 मई) की रात को ही रुपयों को गिनने के लिए मशीन लाया गया है। स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उक्त सेंटर की चाभी चेयरमैन के पास ही रहती थी। चेयरमैन दीपंकर भट्टाचार्य का घर बादुरिया नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड नंबर 12 में मौजूद है। उनके घर के पास स्थित ही कम्प्यूटर ट्रेनिंग सेंटर से 25 मई की देर रात को नगद रुपए बरामद किए गए हैं।
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बताया जाता है कि रात के समय कम्प्यूटर सेंटर पर काफी लोग ताकझांक कर रहे थे। पहले कमरे में रखे काफी सरकारी तिरपाल दिखाई दिए। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गयी और पुलिस ताला काटकर कमरे में घुसी। दावा किया जा रहा है कि उसी दौरान वहां रखे रुपयों की गड्डियां भी बरामद हुई।
देर रात को ही रुपयों को गिनने के लिए 3 मशीनें लायी गयी। घटना की जानकारी मिलते ही बादुरिया के एसडीपीओ और कमबैट फोर्ट भी मौके पर पहुंची।
कौन हैं दीपंकर भट्टाचार्य?
प्राप्त जानकारी के अनुसार तृणमूल की सत्ता में आने के बाद ही दीपंकर भट्टाचार्य भी राजनीति से जुड़े। वह तीन बार निगम के चेयरमैन रह चुके हैं। हालांकि राज्य में सत्ता परिवर्तित होने के बाद स्थानीय निवासियों का आरोप है कि रिगिंग करके वह वोट जितते थे।
इलाके के स्थानीय लोगों ने उनके खिलाफ सड़क, पेयजल, आवास योजना से लेकर कई घोटालों में शामिल होने का आरोप लगाया। बताया जाता है कि सोमवार (25 मई) की रात को जब पुलिस कम्प्यूटर सेंटर में तलाशी अभियान चला रही थी तभी वह अपनी चार पहिया गाड़ी से भागने की कोशिश कर रहे थे। हालांकि पुलिस ने उनका पीछा कर उन्हें बसिरहाट से गिरफ्तार कर लिया।