राम नवमी के अवसर पर अयोध्या के राम मंदिर में भव्य आयोजन किया जा रहा है। इस मौके पर राम लला का होने वाला सूर्य तिलक देश व विदेश में भी राम भक्तों के लिए आकर्षण का केंद्र रहा है। बहुत ही हाई टेक तरीके से राम मंदिर में हर साल राम नवमी के अवसर पर सूर्य तिलक का आयोजन किया जाता है। हालांकि राम नवमी की पूजा अर्चना सुबह से ही शुरू हो जाती है लेकिन हर किसी की निगाहें इसी बात पर टिकी होती हैं कि कब भगवान भास्कर की किरणें श्रीराम के ललाट को स्पर्श करेगी।
बता दें, राम नवमी के अवसर पर राम मंदिर परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के लिए राम लला की पूजा शुक्रवार की सुबह से शुरू हो जाएगी। श्रीराम को दूध, दही, शहद और सरयू के पवित्र जल से स्नान करवाकर पोशाक व आभूषण धारण करवाए जाएंगे।
कितने बजे होगा सूर्य तिलक?
NBT की मीडिया रिपोर्ट में राम मंदिर, अयोध्या के मंदिर ट्रस्ट के सदस्य डॉ. अनिल मिश्र के हवाले से बताया गया है कि राम नवमी के अवसर पर शुक्रवार को मंदिर के कपाट पूरे दिन भक्तों के लिए खुले रहेंगे। बताया जाता है कि सुबह 6.30 बजे से ही धार्मिक अनुष्ठान शुरू हो जाएंगे जो दिन में 11 बजे तक चलेंगे। दोपहर के 12 बजे राम लला का जन्मोत्सव मनाया जाएगा जब उनका सूर्य तिलक भी होगा। इसी समय टेक्नोलॉजी की मदद से भगवान सूर्य की किरणों को राम लला के ललाट से स्पर्श करवाया जाएगा जिसका लाइव प्रसारण भी किया जाएगा।
अयोध्या के राम मंदिर में श्रीराम का भव्य दरबार X सामान्य समय से पहले खुलेगा मंदिर और वीआईपी दर्शन बंद
मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार अयोध्या के राम मंदिर को सामान्य दिनों की अपेक्षा 2 घंटे पहले ही खोल दिया जाएगा। सुबह 5 बजे से ही श्रद्धालु राम लला के दर्शन कर सकेंगे। रात को भी देर तक मंदिर को खुला रखा जाएगा। सामान्य दिनों में गर्भगृह का परिक्रमा पथ 5 लेन और रामजन्मभूमि का पथ 7 लेन की होती है जिसे राम नवमी के दिन खास तौर पर बढ़ाकर 7 और 9 लेन का किया जा रहा है।
वीआईपी दर्शन को एक दिन के लिए बंद रखने का फैसला लिया गया है। साथ ही भीड़ ज्यादा इकट्ठा न हो सकें इसलिए प्रतिदिन मुफ्त प्रसाद बांटने वाली सीता रसोई को एक दिन के लिए बंद रखने का फैसला लिया गया है। सामान्य दिनों में जहां 30 लॉकर होते हैं, वहीं सामानों को रखने के लिए राम नवमी के दिन 60 लॉकर मुहैया करवाएं जाएंगे।