राज्य भर की सभी शराबों की दुकानों पर ताला लटका दिया गया है। उत्तर बंगाल से लेकर दक्षिण बंगाल तक, 20 अप्रैल (सोमवार) की दोपहर से शराब की सभी दुकानें और बार को बंद करवा दिया गया है। पर क्यों? अजी जनाब, राज्य में विधानसभा चुनाव की तारीखें जो पास आ चुकी हैं।
राज्य के जिन जिलों में 23 अप्रैल को पहले चरण का चुनाव होने वाला है, वहां रविवार की रात से ही बार और शराब की दुकानों को बंद करवा दिया गया है।
जिन जिलों में दूसरे चरण में मतदान होने हैं यानी 29 अप्रैल को, वहां भी अभूतपूर्व तरीके से इस आदेश को लागू कर दिया गया है। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर कब तक बंद रहेंगी शराब की दुकानें और बार?
जिन इलाकों अथवा जिलों में पहले चरण के चुनाव में मतदान होने हैं, वहां 20 से 23 अप्रैल तक शराब की दुकानें और बार बंद रहेंगी। जिन जिलों में दूसरे चरण के चुनाव में मतदान होंगे जैसे कोलकाता, हावड़ा, हुगली, दोनों 24 परगना, नदिया व पूर्व बर्धमान।
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इन जिलों में पहले चरण के जिलों की तरह ही 20 अप्रैल की दोपहर से 23 अप्रैल तक शराब की दुकानें और बार बंद रहेगी। एक नयी विज्ञप्ति जारी कर दूसरे चरण के मतदान वाले जिलों में शराब की दुकानों और बार को बंद रखने का आदेश चुनाव आयोग ने दिया है।
पहले चरण के लिए 20 से 23 अप्रैल तक और दूसरे चरण के लिए 25 अप्रैल की शाम से 29 अप्रैल तक शराब की दुकानें व बार को बंद रखने का आदेश दिया गया है। इसके साथ ही मतगणना वाले दिन यानी 4 मई को भी पूरे दिन शराब की दुकानों को बंद रखना होगा।
अचानक बार और शराब की दुकानों के बंद कर देने से लोगों में थोड़ी मायूसी जरूर देखी जा रही है। खासतौर पर दक्षिण बंगाल में लोगों में सबसे ज्यादा मायूसी है क्योंकि 20 से 29 अप्रैल तक लगातार (बीच में सिर्फ 1 दिन दुकान खुली रहेंगी) शराब की दुकान व बार को खोलने की अनुमति दी गयी है।