गुजरात का सालों पुराना शराबबंदी का नियम बदल रहा है। पहले गिफ्ट सिटी और अब महात्मा गांधी के जन्म स्थान पोरबंदर में शराब बिक्री की अनुमति दे दी गयी है। सरकार के इस फैसले के बाद अब पोरबंदर के होटलों को शराब बिक्री की परमिट मिल जाएगी। राज्य सरकार का यह फैसला पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लिया गया है।
अब तक पोरबंदर में शराब बिक्री करने की अनुमति नहीं थी। यहां आने वाले पर्यटक जुनागढ़ अथवा जामनगर का रुख किया करते थे लेकिन अब संभावना जतायी जा रही है कि पोरबंदर में रुकने वाले पर्यटकों की संख्या में भी बढ़ोतरी होगी।
कौन से होटल को मिली परमिट?
NBT की मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार गुजरात के गृह विभाग ने पोरबंदर के एक होटल को आधिकारिक तौर पर शराब बिक्री का लाइसेंस प्रदान कर दिया है। मीडिया रिपोर्ट में दावा किया जा रहा है कि राज्य सरकार का मानना है कि पर्यटक उन्हीं जगहों पर जाना ज्यादा पसंद कर रहे हैं जहां खाने-पीने पर कोई रोक न हो। सरकार ने इसी बात को ध्यान में रखते हुए पोरबंदर के होटल में शराब बिक्री की अनुमति दी है। हालांकि होटल को शराब 'निषेध अधिनियम' के नियमों का पालन करना होगा।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार सरकार के फैसले के बाद पोरबंदर के 'लॉर्ड्स इन' होटल को परमिट दे दी गयी है। यह चौपाटी पर एक 3 स्टार बिजनेस होटल है जो अपना खुद का वाइन शॉप खोल सकेगा।
शराब 'निषेध अधिनियम' के कौन से नियमों को मानना अनिवार्य?
मिली जानकारी के अनुसार जिला निषेध समिति और कलेक्टर इस बाबत कई स्तरों पर समीक्षा करेंगे। होटल मालिकों को पुलिस सत्यापन करवाना अनिवार्य है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सकें कि होटल के आसपास कोई शैक्षणिक या धार्मिक संस्थान नहीं है। मंजूरी मिलने के बाद भी होटल को निषेध और आबकारी विभाग की निगरानी में चलाना होगा।