लंदन : यूईएफए चैंपियंस लीग में एक बार फिर पेरिस सेंट-जर्मेन ने अपना दबदबा साबित किया। बेहद रोमांचक मुकाबले के बाद फ्रांसीसी क्लब ने दो लेग मिलाकर बायर्न म्यूनिख को 6-5 के कुल अंतर से हराकर लगातार दूसरी बार फाइनल में जगह बना ली। आलियांज एरेना में खेले गए दूसरे लेग का मुकाबला 1-1 से ड्रॉ रहा लेकिन पहले लेग में मिली जीत के कारण अंततः पीएसजी ने बाजी मार ली। अब खिताबी मुकाबले में उसका सामना आर्सेनल से होगा।
पीएसजी की ओर से मैच की शुरुआत में ही उस्मान डेम्बेले ने गोल दागकर टीम को बढ़त दिला दी। मुकाबले के अंतिम चरण में हैरी केन ने गोल कर बायर्न को उम्मीद जरूर दिलाई लेकिन जर्मन क्लब वापसी नहीं कर सका। मैच के बाद पीएसजी के फुटबॉलर देजिरे डुए ने कहा की यह एक शानदार मुकाबला था। म्यूनिख जैसी जगह पर इतनी बड़ी टीम के खिलाफ ऐसी रात सचमुच खास होती है। बचपन से ऐसे मैच खेलने का सपना देखा था। अब हम पूरी टीम के साथ इस पल का आनंद लेंगे।
शुरुआती मिनट में डेम्बेले का झटका
मुकाबले के तीसरे ही मिनट में पीएसजी ने काउंटर अटैक से गोल कर बढ़त हासिल कर ली। ख्विचा क्वारात्सखेलिया बाईं ओर से गेंद लेकर तेजी से आगे बढ़े और शानदार पास दिया। उस पास को बेहतरीन फिनिश में बदलते हुए डेम्बेले ने गेंद को जाल में पहुंचा दिया।
इसके बाद बायर्न ने गेंद पर अधिक नियंत्रण बनाए रखा लेकिन आक्रमण में धार नहीं दिखा सका। माइकल ओलिसे हैरी केन और जोशुआ किमिख ने कई आसान पास गंवा दिए। पहले हाफ में बायर्न ने पेनाल्टी की भी मांग की। वितिन्हा की क्लियरेंस जुआओ नेवेस के हाथ से लगने का दावा किया गया लेकिन रेफरी ने पेनाल्टी नहीं दी। इससे पहले नूनो मेंडेस के हैंडबॉल मामले में दूसरा पीला कार्ड नहीं दिखाए जाने को लेकर भी बायर्न खेमा नाराज था।
बायर्न ने संघर्ष किया लेकिन नतीजा नहीं बदला
दूसरे हाफ में पीएसजी ने कुछ रक्षात्मक रणनीति अपनाई। हालांकि जवाबी हमलों में वह लगातार खतरनाक साबित हो रहा था। मैनुअल नोयर ने कई शानदार बचाव कर बायर्न को मुकाबले में बनाए रखा।
अंतिम समय में बायर्न ने लगातार हमले किए। इंजरी टाइम में हैरी केन ने गोल कर अंतर कम कर दिया लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। इसके बाद जर्मन क्लब कोई बड़ा मौका नहीं बना सका। हैरी केन ने लगातार सात यूईएफए चैंपियंस लीग मैचों में गोल करने का रिकॉर्ड भी बनाया लेकिन इसके बावजूद बायर्न का फाइनल खेलने का सपना टूट गया।
रेफरी के फैसलों पर विन्सेंट कंपनी नाराज
मुकाबले के बाद बायर्न के मुख्य कोच विन्सेंट कंपनी ने रेफरी के फैसलों पर नाराजगी जताई। खासतौर पर नूनो मेंडेस वाले घटनाक्रम को लेकर उन्होंने असंतोष व्यक्त किया।
कंपनी ने कहा की गेंद शरीर से लगकर हाथ पर नहीं गई थी बल्कि सीधे हाथ पर लगी थी। चाहे वह अपनी ही टीम के खिलाड़ी की गेंद क्यों न हो यह नियम मुझे समझ से परे लगता है। नियम आखिर नियम है। यह बेहद निराशाजनक है।
उन्होंने आगे कहा की पेरिस में हुए मुकाबले के फैसले भी अब तक परेशान करते हैं। आखिर में हम सिर्फ एक गोल के अंतर से हारे। लेकिन मैं लंबे समय तक निराश होकर बैठने वालों में नहीं हूं। हमें आगे बढ़ना होगा। पीएसजी ने शानदार डिफेंस किया खासकर क्रॉस रोकने और डिफेंस के पीछे की जगह को संभालने में वे बेहतरीन रहे।