नई दिल्ली : हर साल की तरह इस बार भी गर्मी के मौसम में यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे मंत्रालय ने बड़ा फैसला लिया है। मंत्रालय ने देशभर में ‘समर स्पेशल’ ट्रेनों के संचालन की घोषणा की है। इस योजना के तहत 15 अप्रैल से 15 जुलाई तक कुल 908 स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी। इन ट्रेनों के जरिए पूरे देश में कुल 18,262 फेरे (ट्रिप) संचालित किए जाएंगे।
रेलवे सूत्रों के अनुसार 20 अप्रैल तक देश के विभिन्न हिस्सों के लिए 660 समर स्पेशल ट्रेनों की अधिसूचना जारी की जा चुकी है। इन ट्रेनों में टिकट बुकिंग की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। यात्री रेलवे के टिकट काउंटर के अलावा आईआरसीटीसी की वेबसाइट और अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से आसानी से टिकट बुक कर सकते हैं।
इन समर स्पेशल ट्रेनों में यात्रियों की सुविधा का पूरा ध्यान रखा गया है। हर ट्रेन में वातानुकूलित (एसी) कोच के साथ-साथ स्लीपर और जनरल डिब्बे भी उपलब्ध होंगे ताकि हर वर्ग के यात्री अपनी जरूरत के अनुसार यात्रा कर सकें। रेलवे का लक्ष्य है कि भीड़भाड़ के समय यात्रियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
रेल मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि इस बार समर स्पेशल ट्रेनों के संचालन में चुनावी राज्यों को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। खासतौर पर पश्चिम बंगाल पर ज्यादा ध्यान दिया गया है। इसका उद्देश्य यह है कि देश के अलग-अलग हिस्सों में काम कर रहे पश्चिम बंगाल के लोग चुनाव के समय अपने राज्य जाकर मतदान कर सकें और फिर वापस अपने कार्यस्थल लौट सकें।
इसके अलावा हर साल की तरह इस बार भी बिहार और उत्तर प्रदेश को ट्रेनों के रूट तय करने में प्राथमिकता दी गई है। इन राज्यों से बड़ी संख्या में लोग अन्य शहरों में काम करते हैं और गर्मी के मौसम या छुट्टियों में अपने घर लौटते हैं। ऐसे में इन क्षेत्रों के लिए अतिरिक्त ट्रेनों की व्यवस्था से यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।
रेलवे मंत्रालय का मानना है कि इस कदम से न केवल यात्रियों की भीड़ नियंत्रित होगी बल्कि यात्रा को अधिक सुगम और सुरक्षित भी बनाया जा सकेगा।