🔔 ताज़ा ख़बरें सबसे पहले!

Samachar EiSamay की ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, खेल, मनोरंजन और बिज़नेस अपडेट अब सीधे आपके पास।

ईरान-अमेरिका में बढ़ते तनाव के बीच 45 दिन के संघर्षविराम का प्रस्ताव, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ को खोलने को लेकर कूटनीतिक कोशिश तेज

ट्रंप की सख्त चेतावनी के बीच ईरान-इजरायल हमले जारी, वैश्विक तेल कीमतों पर बढ़ते असर से चिंता गहरी

By डॉ. अभिज्ञात

Apr 06, 2026 18:58 IST

दुबईः पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच एक नया कूटनीतिक प्रयास सामने आया है। क्षेत्र के कुछ मध्यस्थ देशों मिस्र, पाकिस्तान और तुर्किये ने ईरान और अमेरिका को 45 दिन के संघर्षविराम और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ को फिर से खोलने का प्रस्ताव भेजा है। यह प्रस्ताव दोनों देशों के वरिष्ठ प्रतिनिधियों तक पहुंचाया गया है, जिनमें ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची और अमेरिका के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ शामिल हैं। फिलहाल दोनों पक्षों की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

मध्यस्थ देशों का मानना है कि 45 दिन का यह अंतराल स्थायी शांति समझौते की दिशा में बातचीत को आगे बढ़ाने का अवसर दे सकता है।

हमलों का सिलसिला जारी, ईरान और इजरायल दोनों में नुकसान

सोमवार को ईरान में कई स्थानों पर हमलों की खबरें सामने आईं। ईरान की सरकारी मीडिया के अनुसार अर्धसैनिक बल रिवोल्यूशनरी गार्ड के खुफिया प्रमुख की एक हमले में मौत हो गई। बाद में इजरायली सेना ने पुष्टि की कि यह हमला तेहरान में किया गया था। दूसरी ओर इजरायल के शहर हाइफा में भी हमले के बाद मलबे से कई लोगों के शव बरामद हुए। बताया गया कि मृतकों में एक ही परिवार के चार सदस्य शामिल हैं, जिन्हें घंटों चले राहत अभियान के बाद निकाला गया।


अमेरिका की सख्त चेतावनी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी है कि यदि उसने तय समयसीमा तक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ को नहीं खोला तो उसके महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर कड़ा हमला किया जा सकता है। उन्होंने सोशल मीडिया पर कड़े शब्दों में संकेत दिया कि आने वाले दिनों में बड़े हमले हो सकते हैं।

युद्ध का व्यापक असर

28 फरवरी से शुरू हुए इस संघर्ष में अब तक हजारों लोगों की जान जा चुकी है। इसका असर वैश्विक स्तर पर भी दिख रहा है जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अस्थिरता, तेल और ईंधन की कीमतों में तेज वृद्धि तथा प्रमुख समुद्री व्यापार मार्ग का बाधित होना। संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय कानून विशेषज्ञों ने नागरिक ठिकानों पर हमलों को लेकर संभावित युद्ध अपराधों की चेतावनी भी दी है।


परमाणु संयंत्र के पास हमले से चिंता

अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने पुष्टि की है कि हाल के हमले ईरान के बुशेहर परमाणु ऊर्जा संयंत्र के बेहद करीब हुए। एक हमला संयंत्र की सीमा से महज 75 मीटर दूर हुआ। हालांकि एजेंसी के अनुसार फिलहाल संयंत्र को कोई सीधा नुकसान नहीं पहुंचा है। IAEA प्रमुख राफेल ग्रॉसी ने ऐसे हमलों को परमाणु सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया और इन्हें रोकने की अपील की।

लेबनान में भी बढ़ा तनाव

लेबनान के बेरूत के पास स्थित एक इलाके में इजरायली हमले में एक प्रमुख एंटी-हिज्बुल्लाह नेता और उनकी पत्नी की मौत हो गई। इस घटना से स्थानीय लोगों में भय और आक्रोश फैल गया है। इजरायल का कहना है कि उसका निशाना हिज्बुल्लाह का एक सदस्य था, लेकिन हमले में अन्य लोग भी प्रभावित हुए।

लगातार हमलों की चेतावनी

इजरायली सेना ने सोमवार को लोगों को ईरान की ओर से संभावित मिसाइल हमलों के बारे में कई बार अलर्ट जारी किया। यह दिन में पांचवीं बार ऐसी चेतावनी थी, जिससे हालात की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।

Articles you may like: