राज्य में दूसरे चरण का मतदान कल (बुधवार, 29 अप्रैल) को होने वाला है। उससे पहले सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए चुनाव आयोग ने पुलिस को कड़े निर्देश जारी किए हैं। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के ऑफिस (CEO) से जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि चुनाव में कलकत्ता हाई कोर्ट और चुनाव आयोग के निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा।
मुख्य तौर पर चुनाव आयोग की विज्ञप्ति में जो कहा गया है उनमें शामिल हैं -
- किसी भी प्रकार के अवैध जमावड़ा नहीं होने दिया जाएगा।
- किसी भी मतदाता को अगर धमकाने का आरोप सामने आता है तो सख्ती से निपटा जाए।
- कहीं गड़बड़ी होने पर केंद्रीय बल की सहायता लेनी होगी।
गौरतलब है कि चुनाव के पहले चरण में पश्चिम बंगाल CEO के कंट्रोल रुम में मतदाताओं को धमकाने के कई मामलों की शिकायतें जमा हो चुकी हैं। पहले चरण के चुनाव में दक्षिण दिनाजपुर के कुमारगंज से भाजपा प्रत्याशी शुभेंदु सरकार से मारपीट का आरोप भी सामने आया था। इसलिए दूसरे चरण से पहले चुनाव आयोग अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है।
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रविवार की रात को उत्तर 24 परगना जिले के भाटपाड़ा में भाजपा-तृणमूल के बीच संघर्ष के आरोपों को भी चुनाव आयोग गंभीरता से देख रही है। इसके साथ ही भाजपा नेता अर्जुन सिंह के बेटे पवन सिंह के सुरक्षाकर्मियों को गोली लगने की घटना पर भी आयोग की नजरें हैं।
इन घटनाओं को ध्यान में रखते हुए चुनाव आयोग ने आशंका जतायी है कि दूसरे चरण में असामाजिक तत्व अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में मतदाताओं को डराने और चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने का षड्यंत्र रच सकते हैं। असामाजिक तत्वों से मतदाताओं को बचाने की जिम्मेदारी पुलिस को उठानी होगी। आवश्यकता पड़ने पर केंद्रीय बलों की सहायता लेने का निर्देश चुनाव आयोग ने दिया है।