नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में उस समय सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाना बनाते हुए धमकी भरे ईमेल सामने आए। ईमेल में प्रधानमंत्री मोदी के साथ-साथ गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस. जयशंकर, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू और मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा का भी जिक्र करते हुए गंभीर नुकसान पहुंचाने की धमकी दी गई थी।
पुलिस सूत्रों के अनुसार स्पीकर विजेंद्र गुप्ता को सुबह 7:28 बजे पहला और 7:49 बजे दूसरा धमकी भरा ईमेल मिला। इन ईमेल में दावा किया गया कि हमला एक खालिस्तानी आतंकी समूह द्वारा किया जाएगा। संदेश में न केवल शीर्ष नेताओं को निशाना बनाने की बात कही गई, बल्कि दिल्ली विधानसभा भवन और उसके पास स्थित विधानसभा मेट्रो स्टेशन को भी बम से उड़ाने की धमकी दी गई।
हालांकि, इस गंभीर धमकी के बावजूद विधानसभा का कामकाज प्रभावित नहीं हुआ। डिप्टी स्पीकर मोहन सिंह बिष्ट ने साफ कहा कि ऐसी धमकियों से डरने की जरूरत नहीं है और सत्र तय कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।
धमकी मिलने के बाद बम निरोधक दस्ता और पुलिस की टीमों ने विधानसभा परिसर की गहन जांच की, लेकिन कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। सुरक्षा के मद्देनज़र विधानसभा और आसपास के इलाकों, खासकर विधानसभा मेट्रो स्टेशन, पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
इसी बीच, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता अपने मंत्रियों के साथ विधानसभा पहुंचीं और बजट पेश करने की प्रक्रिया जारी रही।
सुरक्षा एजेंसियां फिलहाल ईमेल भेजने वालों की पहचान करने में जुटी हैं। एहतियात के तौर पर खोजी कुत्तों की भी तैनाती की गई है और पूरे क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी है।