पटना/नई दिल्लीः जनता दल (यूनाइटेड) ने मंगलवार को ऐलान किया कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष निर्विरोध चुन लिया गया है। नामांकन वापसी की समय सीमा समाप्त होने के बाद केवल उनका ही नाम शेष रहा, जिसके चलते उन्हें औपचारिक रूप से विजयी घोषित किया गया। पार्टी ने एक बार फिर अनुभवी नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए नीतीश को संगठन की कमान सौंप दी है, जिससे आगामी राजनीतिक रणनीति और चुनावी दिशा को लेकर संकेत मिलते हैं।
पार्टी के अनुसार इस संबंध में आज दोपहर 2:30 बजे दिल्ली स्थित पार्टी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएगी। इसी दौरान निर्वाचन अधिकारी और पूर्व राज्यसभा सांसद अनील प्रसाद हेगड़े द्वारा नीतीश कुमार को अध्यक्ष पद का प्रमाणपत्र सौंपा जाएगा। इस मौके पर कार्यकारी अध्यक्ष और राज्यसभा में संसदीय दल के नेता संजय कुमार झा, केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह, बिहार सरकार के मंत्री श्रवण कुमार सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे।
दरअसल पार्टी के कई नेताओं ने पहले ही नीतीश कुमार के समर्थन में नामांकन दाखिल किया था, जिससे उनका चौथी बार लगातार राष्ट्रीय अध्यक्ष बनना तय माना जा रहा था। हाल ही में राज्यसभा के लिए चुने जाने के बाद वे दिल्ली में ही मौजूद हैं।
जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा ने बताया कि पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं की सामूहिक इच्छा थी कि नीतीश कुमार ही संगठन की कमान संभालते रहें। उन्होंने 19 मार्च को कहा था कि अध्यक्ष पद के लिए उनका नामांकन पार्टी की ओर से दाखिल किया गया है।
वहीं, पार्टी नेता रामनाथ ठाकुर ने नीतीश को संगठन का मार्गदर्शक बताते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं की इच्छा के अनुसार ही उन्हें फिर से नेतृत्व सौंपा गया है और वे बिहार के विकास पर भी नजर बनाए रखेंगे।
इस बीच, जदयू के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी ने हालिया सदस्यता अभियान में भाग न लेने को लेकर सफाई दी। उन्होंने कहा कि राज्यसभा सीट को लेकर उनके और नीतीश के बीच किसी तरह का मतभेद नहीं है और पार्टी के साथ उनके संबंध पहले जैसे ही बने हुए हैं।