नई दिल्ली/पटना: बिहार के लम्बे अरसे तक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुराने साथी और उनकी पार्टी के कद्दावर नेता केसी त्यागी ने नीतीश के राज्यसभा जाते ही पार्टी से अलग होने की घोषणा कर दी। जनता दल (यू) की राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिला है, जहां पार्टी के लंबे समय से जुड़े वरिष्ठ नेता के.सी. त्यागी ने संगठन से दूरी बना ली है। उन्होंने संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में वह अपनी राजनीतिक दिशा को लेकर नया फैसला ले सकते हैं।
करीब दो दशकों से अधिक समय तक पार्टी के साथ सक्रिय भूमिका निभाने वाले त्यागी ने इस बार सदस्यता नवीनीकरण नहीं कराया, जिसे उनके अलग होने के रूप में देखा जा रहा है। पार्टी के भीतर उनकी पहचान एक अनुभवी रणनीतिकार और प्रमुख प्रवक्ता के तौर पर रही है।
अपने रुख को स्पष्ट करते हुए उन्होंने यह भी जताया कि सामाजिक न्याय, किसानों और वंचित वर्गों से जुड़े मुद्दों के प्रति उनकी सोच में कोई बदलाव नहीं आया है। उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ अपने पुराने संबंधों को सम्मानजनक बताया।
राजनीतिक भविष्य को लेकर उन्होंने कहा कि सहयोगियों और समर्थकों के साथ चर्चा के बाद ही अगला कदम तय किया जाएगा। इसी संदर्भ में 22 मार्च को नई दिल्ली में समान विचारधारा वाले लोगों की एक बैठक प्रस्तावित है, जिसमें देश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
त्यागी ने यह भी संकेत दिया कि वह आगे भी समाजवादी विचारधारा से जुड़े प्रमुख नेताओं के सिद्धांतों को मार्गदर्शक मानते रहेंगे। राजनीतिक जानकार इस घटनाक्रम को आने वाले समय में संभावित नई राजनीतिक सक्रियता के रूप में देख रहे हैं।