जेद्दा: एएफसी अंडर-17 एशियन कप सऊदी अरब 2026 में भारत की शुरुआत निराशाजनक रही, जहां टीम को पूर्व सेमीफाइनलिस्ट ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 0-4 से हार का सामना करना पड़ा। अब भारतीय टीम की नजरें अपने अगले और बेहद महत्वपूर्ण मुकाबले पर हैं, जिसमें उसका सामना मौजूदा चैंपियन उज्बेकिस्तान से 10 मई को होगा।
डीपीआर कोरिया के टूर्नामेंट से हटने के बाद ग्रुप डी में टीमों की संख्या कम हो गई है। ऐसे में भारत के लिए अगला मुकाबला करो या मरो जैसा माना जा रहा है। ग्रुप की शीर्ष दो टीमें क्वार्टर फाइनल में पहुंचेंगी।
यदि भारत उज्बेकिस्तान को हराने में सफल रहता है और बाद में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उज्बेकिस्तान अंक गंवा देता है तो भारतीय टीम अंतिम आठ में जगह बना सकती है। क्वार्टर फाइनल में पहुंचने के साथ ही भारत को फीफा अंडर-17 विश्व कप कतर 2026 का टिकट भी मिल जाएगा। यहां तक कि ड्रॉ की स्थिति में भी भारत की उम्मीदें बनी रह सकती हैं, बशर्ते ऑस्ट्रेलिया उज्बेकिस्तान को चार से अधिक गोल के अंतर से हराए।
जेद्दा में भारतीय खेमे में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मिली हार के बाद आत्ममंथन का माहौल है लेकिन टीम के भीतर अगले मुकाबले को लेकर उम्मीद और आत्मविश्वास भी दिखाई दे रहा है। चार गोल खाने के बावजूद गोलकीपर राजरूप सरकार ने शानदार प्रदर्शन किया और कई महत्वपूर्ण बचाव किए। उनके प्रदर्शन ने टीम का मनोबल बढ़ाया।
राजरूप सरकार ने कहा कि टीम पहले से जानती थी कि ऑस्ट्रेलिया की आक्रामक क्षमता काफी मजबूत है और वह मानसिक रूप से तैयार थे। उन्होंने कहा कि शुरुआती गोल खाने के बाद उन्हें अपना खेल बेहतर करना पड़ा। हालांकि टीम से कुछ अहम गलतियां हुईं, लेकिन अगले मैच में बेहतर प्रदर्शन का भरोसा है।
टीम के कप्तान डाललामौन गांगटे ने भी पिछली हार को पीछे छोड़ने की बात कही। उन्होंने कहा कि अब टीम को हर हाल में अपना सर्वश्रेष्ठ देना होगा क्योंकि अगला मुकाबला निर्णायक है। उनके अनुसार हार का मतलब टूर्नामेंट से बाहर होना होगा, इसलिए जीत ही एकमात्र लक्ष्य है।
गांगटे ने उज्बेकिस्तान को तकनीकी, सामरिक और शारीरिक रूप से मजबूत टीम बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय खिलाड़ियों को पूरी एकाग्रता और आत्मविश्वास के साथ मैदान में उतरना होगा।
हमलावर खिलाड़ी अज्लान शाह ने भी कहा कि उज्बेकिस्तान शारीरिक रूप से मजबूत टीम है, लेकिन भारत के लिए मानसिक मजबूती सबसे अहम होगी। उन्होंने कहा कि टीम ने उज्बेकिस्तान के मुकाबलों का विश्लेषण किया है और अब लक्ष्य सिर्फ जीत हासिल करना है।