नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीर सावरकर की जयंती पर उन्हें याद करते हुए कहा कि उनका साहस, राष्ट्रप्रेम और सामाजिक सुधारों के लिए किया गया कार्य आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा। प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा कि वीर सावरकर का व्यक्तित्व और उनके विचार देशवासियों के लिए सदैव प्रेरणा बने रहेंगे। उन्होंने विशेष रूप से सावरकर की बौद्धिक क्षमता और समाज सुधार के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का उल्लेख किया।
महान क्रांतिकारी और प्रखर राष्ट्रवादी चिंतक वीर सावरकर जी को उनकी जयंती पर सादर नमन! वीरता और बौद्धिकता से भरा उनका व्यक्तित्व देश की हर पीढ़ी को प्रेरित करता रहेगा।
— Narendra Modi (@narendramodi) May 28, 2026
अनन्तोद्भूतभूतौघसङ्कुले भूतलेऽखिले।
शस्त्रे शास्त्रे त्रिचतुराश्चतुरा यदि मादृशाः।। pic.twitter.com/Z1SSU2lU5A
अमित शाह बोले- राष्ट्रसेवा को समर्पित रहा पूरा जीवन
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने वीर सावरकर को स्वतंत्रता संग्राम का निर्भीक सेनानी बताते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि सावरकर ने अपना संपूर्ण जीवन मातृभूमि की सेवा में समर्पित कर दिया। शाह ने कहा कि उनके जीवन और लेखन से राष्ट्र के प्रति अटूट समर्पण की प्रेरणा मिलती है।
उन्होंने सावरकर के कथन “हे मातृभूमि! जन्म से लेकर मृत्यु तक मैं तेरा ही हूं” का उल्लेख करते हुए कहा कि यह उनके राष्ट्रप्रेम की गहराई को दर्शाता है। गृह मंत्री ने यह भी कहा कि छुआछूत जैसी सामाजिक बुराइयों के खिलाफ सावरकर के प्रयास और सामाजिक एकता का संदेश आने वाली पीढ़ियों का मार्गदर्शन करता रहेगा।
Remembering Veer Savarkar on his Jayanti. His courage and patriotism will always inspire people. His intellect and emphasis on social reform are also noteworthy. pic.twitter.com/vbW5M3iTnD
— Narendra Modi (@narendramodi) May 28, 2026
राजनाथ सिंह ने बताया राष्ट्रवादी चिंतक
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वीर सावरकर को प्रखर राष्ट्रवादी विचारक, ओजस्वी वक्ता, कवि और दार्शनिक बताया। उन्होंने कहा कि सावरकर ने भारत की स्वतंत्रता के लिए असंख्य यातनाएं सहते हुए अपना सर्वस्व समर्पित कर दिया। राजनाथ सिंह ने कहा कि उनका जीवन संघर्ष और राष्ट्रनिष्ठा का अद्भुत उदाहरण है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा- राष्ट्रहित के लिए संघर्ष का प्रतीक
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीर सावरकर को “भारत माता का अमर सपूत” बताया। उन्होंने कहा कि सावरकर की क्रांतिकारी चेतना और संघर्षपूर्ण जीवन देश को समर्पण, साहस और अटूट संकल्प का संदेश देता रहेगा।
विनायक दामोदर सावरकर का जन्म 28 मई 1883 को महाराष्ट्र के नासिक जिले में हुआ था। वे स्वतंत्रता सेनानी, राजनेता, वकील और लेखक थे। ‘हिंदुत्व’ शब्द को लोकप्रिय बनाने का श्रेय भी उन्हें दिया जाता है।