🔔 ताज़ा ख़बरें सबसे पहले!

Samachar EiSamay की ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, खेल, मनोरंजन और बिज़नेस अपडेट अब सीधे आपके पास।

ट्रंप के शांति समझौते के फैसले से चौंके नेतन्याहू, रिपोर्ट में बड़े खुलासे का दावा

अमेरिका-ईरान समझौते की चर्चा तेज, इजरायल बोला- वार्ता का हिस्सा नहीं था तेल अवीव।

By रजनीश प्रसाद

Jun 12, 2026 18:11 IST

वॉशिंगटन : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर प्रस्तावित सैन्य हमला अचानक टालने और शांति समझौते की संभावना जताने के फैसले से इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू हैरान रह गए। अमेरिकी समाचार माध्यम ‘एक्सियोस’ की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि नेतन्याहू को इस बात की कोई जानकारी नहीं थी कि तेहरान और वॉशिंगटन के बीच शांति वार्ता इतनी आगे बढ़ चुकी है।

रिपोर्ट के अनुसार जैसे ही नेतन्याहू को पता चला कि ट्रंप ईरान के साथ शांति समझौते की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं वह स्तब्ध रह गए। अंतरराष्ट्रीय राजनीति में ‘बीबी’ के नाम से पहचाने जाने वाले नेतन्याहू इस पूरे घटनाक्रम से पूरी तरह अनभिज्ञ थे।

ईरान मुद्दे पर ट्रंप और नेतन्याहू के बीच मतभेद पिछले कुछ समय से सामने आते रहे हैं। विभिन्न रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया कि ट्रंप ने फोन पर नेतन्याहू को “पूरी तरह पागल” तक कह दिया था। इसके कुछ समय बाद ही पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया तथा अमेरिका भी सीधे संघर्ष में शामिल हो गया। अमेरिकी सेना ने ईरान के कई ठिकानों पर बमबारी की जिसके जवाब में तेहरान ने भी पलटवार किया।

संघर्ष के दौरान गुरुवार को ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि अमेरिका ईरान के तेल भंडारों पर कब्जा कर सकता है। हालांकि लगभग एक घंटे बाद उन्होंने अपना रुख बदलते हुए घोषणा की कि फिलहाल सैन्य कार्रवाई स्थगित कर दी गई है क्योंकि ईरान और अमेरिका के बीच शांति वार्ता लगभग अंतिम चरण में पहुंच चुकी है और उसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सप्ताहांत में दोनों देशों के बीच समझौते पर हस्ताक्षर हो सकते हैं।

इस फैसले की घोषणा के बाद ट्रंप ने दुनिया के कई नेताओं को वार्ता में हुई प्रगति की जानकारी दी जिनमें इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू भी शामिल थे।

बाद में तेल अवीव की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि इजरायल इस बातचीत का हिस्सा नहीं था। नेतन्याहू ने राष्ट्रपति ट्रंप को धन्यवाद देते हुए याद दिलाया कि इस पूरे अभियान का मुख्य उद्देश्य ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त करना था।

वहीं ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में दावा किया कि ईरान परमाणु हथियार बनाने की योजना छोड़ने के लिए तैयार हो गया है जिसके कारण शांति वार्ता आगे बढ़ सकी और सकारात्मक दिशा में पहुंची। हालांकि इस दावे पर ईरान की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

Articles you may like: