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उत्तर प्रदेश के बिजनौर में डिजिटल अरेस्ट से परेशान महिला की आत्महत्या, सुसाइड नोट से खुला राज

व्हाट्सऐप कॉल और फर्जी अधिकारी बनकर 5 नंबरों से चल रहा था डराने का खेल

लखनऊ : उत्तर प्रदेश के बिजनौर में डिजिटल अरेस्ट आत्महत्या का सनसनीखेज सामने आया। इस मामले में महिला के पति ने भी थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार मृतका का नाम मणिका (28) है। उनकी दो बेटियाँ जब सो रही थीं तभी उन्होंने गले में दुपट्टा डालकर आत्महत्या कर ली। गुरुवार को पुलिस ने बताया कि सामाजिक कलंक के भय से परिवार ने किसी को कुछ बताए बिना उनका अंतिम संस्कार कर दिया था। हालांकि वह 'सुसाइड नोट' मिलने के बाद मृत्यु का कारण पता चला है।

वहाँ के पुलिस अधीक्षक अभिषेक झा ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है। किसने मणिका को धमकी दी यह भी जांचा जा रहा है उन्होंने बताया। उन्होंने यह भी पुलिस को बताया। जानकारी मिली है कि 'सुसाइड नोट' में मणिका ने उल्लेख किया है कि एक अज्ञात पहचान वाला युवक ने उसका जीवन असहनीय बना दिया था। पुलिस ने बताया कि यह घटना डिजिटल गिरफ्तारी का संकेत देती है।

सूत्रों की खबर है छोटी बेटी जिया को ही 'सुसाइड नोट' मनिका ने लिखा था। उसमें उन्होंने लिखा है 'माफ़ करना जिया, माँ को तो मरना ही होगा'। इसके साथ ही मनिका ने अपने पति रणधीर को एक पत्र भी लिखा है। इसमें उल्लेख किया गया है कि वह कितने मानसिक दबाव में थीं। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति उन्हें पिछले कुछ दिनों से ब्लैकमेल कर रहा था। इसी कारण से उन्हें यह चरम कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा ऐसा नोट में मनिका ने लिखा है।

इसके बाद ही उनके फोन की जांच परिवार के लोगों द्वारा की गई। उनके व्हाट्सएप कॉल, संदेश और ऑडियो रिकॉर्डिंग भी देखी गई। उसमें देखा गया कि कम से कम 5 नंबरों से वह कॉल और संदेश किए गए थे। कुछ मामलों में फोन करने वाले व्यक्ति क्राइम ब्रांच के अधिकारी बनकर फोन करते थे। फिर उन्हें डराने के लिए जानकारी चुड़ाने जैसे गंभीर अपराध का आरोप लगाते थे।

महिला के पति का आरोप है कि इस तरह के जाल में फंसाकर उनकी पत्नी से मोटी रकम की मांग की गई थी। मणिका के जीवन को बर्बाद करने की धमकी भी दी गई थी। इसे सहन न कर पाने के कारण उन्होंने आत्महत्या कर ली। इतना ही नहीं मणिका के अंतिम संस्कार के समय भी उनके फोन पर पुलिस की वर्दी पहनकर किसी ने वीडियो बनाया था ऐसा बताया गया है। उस व्यक्ति ने खुद को क्राइम ब्रांच में अधिकारी बताकर मणिका से बात करना चाहते थे ऐसा भी बताया गया। मणिका के मरने के बाद कानूनी कदम उठाने की धमकी भी उसी व्यक्ति ने दी थी परिवार के सदस्यों का दावा है। इतना ही नहीं बुधवार को भी रणधीर को फोन कर धमकी दी गई ऐसा आरोप है। इसके बाद ही गुरुवार को बिजनौर के कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई रणधीर ने। जिन नंबरों से धमकी दी जा रही थी उनका भी उन्होंने पुलिस को बताय।

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