कोलकाताः बारिश के बीच पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सखावत मेमोरियल स्कूल पहुंच गईं। वहीं भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र का स्ट्रॉन्गरूम स्थित है। गुरुवार रात करीब आठ बजे वह वहां पहुंचीं और लगभग रात 12 बजे वहां से बाहर निकलीं।
बाहर निकलकर ममता बनर्जी ने मीडिया से बात की। उन्होंने कहा, “यहां मेरा स्ट्रॉन्गरूम है। ईवीएम में हेरफेर की शिकायत मिली है। खबर मिलते ही मैं यहां आई। पहले केंद्रीय बल अंदर जाने नहीं दे रहा था, लेकिन चुनाव नियमों के अनुसार उम्मीदवार जा सकता है।” ईवीएम में गड़बड़ी हो रही है या नहीं-इस सवाल पर ममता ने कहा कि शिकायत मिलने के बाद वह खुद स्थिति देखने आई थीं।
राज्य पुलिस की भूमिका पर भी उन्होंने सवाल उठाए। ममता ने कहा, “अगर राज्य पुलिस अपनी जिम्मेदारी नहीं निभा पाती है तो यह उनकी विफलता है। अब यह मेरे हाथ में नहीं है। बाहर की कोई ताकत उन पर दबाव डाल रही है।” उन्होंने चेतावनी दी कि अगर मतगणना लूटने की कोशिश हुई तो उसे रोका जाएगा।
जब ममता सखावत मेमोरियल के स्ट्रॉन्गरूम के अंदर थीं, तब बाहर तृणमूल के लोगो लगे एक प्रचार वाहन को घेरकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। इस पर ममता बनर्जी ने कहा, “जो लोग यहां नारे लगा रहे हैं, वे बाहर से आए हैं। यह मेरा इलाका है, चाहूं तो एक आवाज़ पर 10 हजार लोगों को यहां खड़ा कर सकती हूं।”
इससे पहले खुदीराम अनुशीलन केंद्र के स्ट्रॉन्गरूम में ईवीएम की सुरक्षा को लेकर तृणमूल ने आरोप लगाए थे। वहां तृणमूल के उम्मीदवार धरने पर बैठ गए थे और भाजपा उम्मीदवार भी वहां पहुंच गए, जिससे काफी हंगामा हुआ। बाद में राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के कार्यालय ने इन आरोपों को खारिज कर दिया। चुनाव आयोग ने कहा कि न तो पोस्टल बैलेट और न ही ईवीएम बैलेट में कोई हेरफेर हुई है और सभी कार्य नियमों के अनुसार सभी उम्मीदवारों को सूचित करके किए गए हैं।
ममता बनर्जी ने स्ट्रॉन्गरूम के बाहर बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि बाहर मीडिया कर्मियों के लिए भी पर्याप्त जगह होनी चाहिए।