नई दिल्लीः उत्तराखंड से जुड़े करीब 800 करोड़ रुपये के एलयूसीसी चिटफंड घोटाले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुंबई से दो कथित मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है।
जांच एजेंसी के अनुसार, लोनी अर्बन मल्टी स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट कोऑपरेटिव सोसायटी (LUCC) ने आकर्षक रिटर्न का झांसा देकर एक लाख से अधिक निवेशकों से लगभग 800 करोड़ रुपये की रकम जुटाई और कथित रूप से धोखाधड़ी की।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान किशन जैन और पंकज जैन के रूप में हुई है, जो 18 एफआईआर दर्ज होने के बाद फरार चल रहे थे। मामले की जांच उत्तराखंड उच्च न्यायालय के आदेश पर सीबीआई को सौंपी गई थी।
सीबीआई के मुताबिक, दोनों आरोपियों को सोमवार को मुंबई से पकड़ा गया। उन्हें ट्रांजिट रिमांड पर लेकर देहरादून स्थित विशेष अदालत में पेश किया जाएगा।
एजेंसी ने बताया कि बैंक रिकॉर्ड, वित्तीय लेन-देन और देशभर में की गई जांच के आधार पर पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ है। आरोप है कि दोनों ने अन्य साथियों के साथ मिलकर निवेशकों की रकम के संग्रह, संचालन और हेराफेरी में अहम भूमिका निभाई।
इससे पहले भी इस मामले में पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जो फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं। सीबीआई ने अपराध से अर्जित संपत्तियों को फ्रीज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।