नई दिल्ली : भीषण गर्मी के बीच विश्व चैंपियन पावरलिफ्टर महंत गौरव शर्मा ने अपने जन्मदिन को सामाजिक सेवा के माध्यम से यादगार बना दिया। उन्होंने शुक्रवार को जरूरतमंद परिवारों के बीच एयर कूलर वितरित कर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी का परिचय दिया।
यह विशेष कार्यक्रम पुरानी दिल्ली के ऐतिहासिक नरसिंह हनुमान मंदिर, चांदनी चौक में आयोजित किया गया, जहां बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी और श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान उत्साह और सामाजिक सरोकार का अनूठा संगम देखने को मिला।
महंत गौरव शर्मा ने स्वयं कई जरूरतमंद परिवारों को एयर कूलर सौंपे, ताकि वे राजधानी दिल्ली में पड़ रही भीषण गर्मी से कुछ राहत पा सकें। इन दिनों दिल्ली में तापमान लगातार ऊंचे स्तर पर बना हुआ है और ऐसे में यह पहल लाभार्थियों के लिए बड़ी मदद साबित हुई।
एयर कूलर प्राप्त करने वाले परिवारों ने महंत गौरव शर्मा के प्रति आभार व्यक्त किया और उनके इस मानवीय प्रयास की सराहना की। लोगों का कहना था कि जन्मदिन जैसे व्यक्तिगत अवसर को समाज सेवा से जोड़ना एक प्रेरणादायक कदम है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महंत गौरव शर्मा ने कहा कि समाज सेवा मानवता की सर्वोच्च अभिव्यक्तियों में से एक है। उन्होंने कहा कि खेलों में मिली सफलता का वास्तविक महत्व तभी है, जब उसका उपयोग समाज के कल्याण और जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए किया जाए।
उन्होंने आगे कहा कि भीषण गर्मी के इस मौसम में लोगों को राहत पहुंचाना उनके लिए जन्मदिन मनाने का सबसे सार्थक तरीका है। उनका मानना है कि दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाना किसी भी उत्सव से बढ़कर है।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने महंत गौरव शर्मा की इस पहल की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि वह युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। पावरलिफ्टिंग में अपनी उपलब्धियों से देश का नाम रोशन करने के साथ-साथ उन्होंने सामाजिक कार्यों के माध्यम से भी लोगों के दिलों में विशेष स्थान बनाया है।
उपस्थित लोगों ने यह भी कहा कि खेल के क्षेत्र में सफलता हासिल करने वाले खिलाड़ियों का समाज के प्रति संवेदनशील होना नई पीढ़ी के लिए सकारात्मक संदेश देता है। महंत गौरव शर्मा का यह कदम इस बात का उदाहरण है कि खेल और सामाजिक जिम्मेदारी साथ-साथ चल सकते हैं।
महंत गौरव शर्मा लंबे समय से विभिन्न सामाजिक और जनकल्याणकारी गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेते रहे हैं। जरूरतमंदों की सहायता और सामुदायिक कल्याण के लिए उनके प्रयास लगातार जारी रहे हैं।
उनकी यह नवीनतम पहल एक बार फिर यह संदेश देती है कि सच्चा चैंपियन केवल खेल मैदान में हासिल की गई उपलब्धियों से नहीं पहचाना जाता, बल्कि समाज के कठिन समय में लोगों के साथ खड़े रहने की उसकी भावना भी उसे विशेष बनाती है।