आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के कप्तान रियान पराग एक नए विवाद में फंस गए हैं। पंजाब किंग्स के खिलाफ न्यू चंडीगढ़ में खेले गए मुकाबले के दौरान वह ड्रेसिंग रूम में वेपिंग करते कैमरे में दिखाई दिए। यह वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। उस समय राजस्थान 223 रन के लक्ष्य का पीछा कर रही थी। वीडियो में पराग के आसपास यशस्वी जायसवाल, युधवीर सिंह चरक और कुलदीप सेन भी नजर आए।
क्या लग सकता है प्रतिबंध ?
मामले पर एक आईपीएल सूत्र ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने न्यूज एजेंसी आईएएनएस से कहा, 'रियान पर प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए। अगर उन्हें स्मोकिंग या वेपिंग करनी थी तो वह बाथरूम या सार्वजनिक नजरों से दूर किसी जगह पर जा सकते थे। उन्होंने बहुत गलत उदाहरण पेश किया है।' सूत्र ने आगे कहा, 'यह दूसरी बार है जब राजस्थान रॉयल्स मैदान के बाहर के मामले में विवादों में घिरी है। इससे पहले रोमी भिंडर के डिवाइस इस्तेमाल का मामला सामने आया था।'
भारत में वेपिंग पर कानून क्या कहता है ?
भारत में ई-सिगरेट और वेपिंग 'द प्रोहिबिशन ऑफ इलैक्ट्रॉनिक सिगरेट एक्ट' (PECA), 2019 के तहत प्रतिबंधित है। इस कानून के तहत इनके निर्माण, बिक्री, खरीद, आयात, निर्यात और विज्ञापन पर रोक है। उल्लंघन करने पर भारी जुर्माना और जेल तक की सजा हो सकती है।
आईपीएल अधिकारी ने दी चेतावनी
एक अन्य आईपीएल अधिकारी ने खिलाड़ियों को कैमरों के बीच सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा, 'जब इतने कैमरे आसपास हों, तो खिलाड़ियों को समझना चाहिए कि छोटी से छोटी चीज भी रिकॉर्ड हो सकती है। इसलिए मैच के दौरान खिलाड़ियों का व्यवहार अच्छा होना जरूरी है।' उन्होंने आगे कहा, 'रियान को थोड़ा ज्यादा सावधान रहना चाहिए था, क्योंकि वह टीम के कप्तान हैं। इतनी कम उम्र में भारत के लिए खेल चुके हैं और सफल खिलाड़ी हैं। ऐसे में इस तरह पकड़ा जाना बड़ी बात है।'
राजस्थान पर दूसरी बार अनुशासनात्मक दबाव
कुछ सप्ताह पहले राजस्थान रॉयल्स के टीम मैनेजर रोमी भिंडर पर डगआउट में मोबाइल फोन इस्तेमाल करने के लिए एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था। अब रियान पराग विवाद के बाद फ्रेंचाइजी फिर से सवालों के घेरे में है।
बीसीसीआई के सामने मुश्किल फैसला
हालांकि आईपीएल नियमों में वेपिंग का सीधा उल्लेख नहीं है, लेकिन ड्रेसिंग रूम में अनुशासन और मर्यादा बनाए रखने पर जोर दिया जाता है। अब देखना होगा कि बीसीसीआई इस मामले में चेतावनी देता है, जुर्माना लगाता है या कोई बड़ी कार्रवाई करता है। फिलहाल यह मुद्दा क्रिकेट जगत में चर्चा का केंद्र बना हुआ है।