कोलकाता: पश्चिम बंगाल में चुनावी सीजन में पहली बार चुनाव आयोग ने बासंती पुलिस थाने के इंस्पेक्टर इन-चार्ज अभिजीत पॉल को निलंबित करने का आदेश दिया है। यह कार्रवाई शुक्रवार को आयोग की नोटिस के बाद की गई, जिसमें कहा गया कि पॉल ने 26 मार्च को BJP और TMC के बीच हुई हिंसक झड़पों को रोकने में विफलता दिखाई।
चुनाव आयोग ने नोटिस में कहा कि यह “गंभीर लापरवाही और कर्तव्य पालन में चूक” के समान है। झड़प में कई लोग घायल हुए, जिनमें पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। अब तक इस मामले में नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
लापरवाही पर एक्शन
नोटिस में आयोग ने बताया कि पॉल को दोनों राजनीतिक दलों के सार्वजनिक कार्यक्रम की पूर्व जानकारी थी, बावजूद इसके उसने पर्याप्त पुलिस व्यवस्था नहीं की। इसके साथ ही, केंद्रीय सशस्त्र बल (CAPF) उपलब्ध होने के बावजूद उनकी तैनाती नहीं की गई।
चुनाव आयोग ने कहा, “CAPF पिछले कुछ दिनों से उपलब्ध थी, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए CAPF को तैनात नहीं किया। यह उनकी गंभीर लापरवाही और कर्तव्य पालन में चूक को दर्शाता है।”
कार्रवाई और बदलाव
चुनाव आयोग ने आदेश दिया कि अभिजीत पॉल को तुरंत निलंबित किया जाए और उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की जाए। उनकी जगह एनफोर्समेंट ब्रांच (EB) के इंस्पेक्टर प्रवीर घोष को तैनात किया गया है। राज्य के मुख्य सचिव को निर्देश दिया गया है कि वे इस आदेश का तुरंत पालन सुनिश्चित करें और रिपोर्ट आयोग को सौंपें। चुनाव आयोग की इस कार्रवाई को चुनावी सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।