इस्लामाबाद : पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में सुरक्षा हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। अफगानिस्तान सीमा से लगे खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में आतंकियों ने एक बार फिर बड़ा हमला करते हुए सुरक्षा बलों के कैंप को निशाना बनाया। विस्फोटकों से भरे ट्रक और भारी गोलीबारी के जरिए किए गए इस हमले में कम से कम 9 अर्धसैनिक जवानों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। हमले के बाद पूरा इलाका युद्धक्षेत्र जैसा दिखाई देने लगा।
यह हमला खैबर पख्तूनख्वा के बाजौर इलाके में हुआ। अधिकारियों के अनुसार आतंकवादी विस्फोटकों से भरा वाहन लेकर सुरक्षा परिसर के मुख्य प्रवेश द्वार तक पहुंचे और वहां जोरदार विस्फोट कर दिया। धमाका इतना भीषण था कि कैंप का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। इसके बाद आतंकियों और सुरक्षा बलों के बीच लंबी गोलीबारी भी हुई।
अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक इस हमले में कम से कम 9 अर्धसैनिक जवानों की जान चली गई। पेशावर के एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि जवाबी कार्रवाई में 10 आतंकवादी भी मारे गए। उन्होंने कहा कि हमलावरों ने पहले विस्फोटकों से भरे ट्रक को गेट से टकराकर उड़ा दिया और फिर परिसर के भीतर घुसने की कोशिश की। सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच लंबे समय तक मुठभेड़ चली। इस दौरान कम से कम 35 सुरक्षाकर्मी घायल हुए हैं। घायल जवानों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।
बाजौर में हुआ यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब पिछले एक सप्ताह के भीतर इसी क्षेत्र में लगातार कई बड़े हमले हो चुके हैं। रविवार को बन्नू जिले के फतेह खेल इलाके में कार बम विस्फोट में 15 लोगों की मौत हो गई थी। वहीं 7 मई को हंगू जिले के थल्ल बाजार में मोर्टार हमला हुआ था, जिसमें 6 लोगों की जान चली गई थी।
पाकिस्तान सरकार लंबे समय से अफगानिस्तान पर आरोप लगाती रही है कि वहां की जमीन का इस्तेमाल पाकिस्तान विरोधी आतंकवादी संगठनों द्वारा किया जा रहा है। पाकिस्तान का दावा है कि सीमा पार मौजूद आतंकवादी गुट लगातार उसके सुरक्षा प्रतिष्ठानों को निशाना बना रहे हैं। हालांकि अफगानिस्तान की ओर से इन आरोपों को लगातार खारिज किया जाता रहा है।
इस बीच तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। हाल के महीनों में टीटीपी ने पाकिस्तान के कई सैन्य और सुरक्षा ठिकानों पर हमले तेज कर दिए है, जिससे देश की आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। पिछले कुछ समय में पाकिस्तान और अफगानिस्तान के रिश्तों में भी लगातार तनाव बढ़ा है। दोनों देशों के बीच सीमा विवाद और आतंकवाद को लेकर आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। कई बार सीमा क्षेत्रों में सैन्य झड़पें भी हो चुकी हैं। पाकिस्तान ने हाल के महीनों में अफगानिस्तान के कुछ इलाकों में हवाई कार्रवाई भी की थी, जिसके बाद दोनों देशों के संबंध और अधिक तनावपूर्ण हो गए।
विशेषज्ञों का मानना है कि पाकिस्तान के सीमावर्ती इलाकों में लगातार बढ़ते आतंकी हमले इस बात का संकेत हैं कि क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति तेजी से अस्थिर हो रही है। लगातार हो रहे विस्फोट, आत्मघाती हमले और गोलीबारी ने आम लोगों के बीच भी भय का माहौल पैदा कर दिया है।