🔔 ताज़ा ख़बरें सबसे पहले!

Samachar EiSamay की ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, खेल, मनोरंजन और बिज़नेस अपडेट अब सीधे आपके पास।

SIR पर सुप्रीम कोर्ट पहुंचीं ममता बनर्जी, CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दायर की याचिका

देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को ममता ने कुल छह पत्र भी भेजे हैं।

By देवदीप चक्रवर्ती, Posted by: लखन भारती

Feb 01, 2026 17:59 IST

कोलकाताः राष्ट्रीय चुनाव आयोग के खिलाफ अब सीधी कानूनी लड़ाई में उतर आईं राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी। रविवार को उन्होंने आयोग के खिलाफ राज्य के SIR को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मामला दर्ज किया। इससे पहले SIR को लेकर तृणमूल कांग्रेस पार्टी की ओर से भी अलग मामला दर्ज किया गया था। उस मामले की सुनवाई अगले सप्ताह होने वाली है। इसके बीच ही कल यानी सोमवार को ममता बनर्जी चुनाव आयोग के फुल बेंच के साथ तृणमूल कांग्रेस की प्रतिनिधि मंडल की बैठक में भी शामिल होंगी। इस मामले में राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल को भी पार्टी किया गया है।

बंगाल में SIR प्रक्रिया के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस शुरुआत से ही पूरी तरह विरोध करती रही है। मतदाता सूची के गहन संशोधन प्रक्रिया को 'अयोजनाबद्ध' और योग्य मतदाताओं को सूची से बाहर करने की 'साजिश' बताया गया है, ऐसा तृणमूल कांग्रेस का दावा है। देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को ममता ने कुल छह पत्र भी भेजे हैं। हाल का पत्र उन्होंने 31 जनवरी, शनिवार को भेजा। इसी बीच देश के चुनाव आयोग के खिलाफ सीधे एक राज्य के मुख्यमंत्री की याचिका राजनीतिक हलकों में अभूतपूर्व मानी जा रही है।

पर्याप्त समय दिए बिना SIR किया जा रहा है, पूरे अभियान में पर्याप्त प्रशिक्षण के बिना कर्मचारियों को नियुक्त किया गया है, दस्तावेज़ों की जांच के नाम पर मतदाताओं को परेशान किया जा रहा है—SIR को लेकर इस तरह की कई शिकायतें तृणमूल की तरफ से की गई हैं। यह सभी शिकायतें छह पत्रों में मुख्य चुनाव आयुक्त को ममता ने भेजी हैं लेकिन इस बार ममता ने सीधे मामला दायर किया।

याद रहे, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार सहित आयोग की पूरी बेंच के साथ बैठक करने के लिए पहले ही तृणमूल की तरफ से समय मांगा गया था। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सहित कुल 15 लोग इस बैठक में शामिल हो सकेंगे, यह बताते हुए आयोग की तरफ से सोमवार शाम को समय दिया गया। तृणमूल सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के अलावा इस बैठक में SIR के कारण प्रभावित परिवार के सदस्य भी उपस्थित हो सकते हैं।

Next Article
कोलकाता की विरासत ‘गीतांजलि’: शहर की गलियों में पुरानी यादों का सफर

Articles you may like: