भारतीय नौसेना के बेड़े में 'Made in India' 3 युद्धपोतों को शामिल किया गया जिसका आज (21 जून) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्घाटन किया। गौर करने वाली बात यह रही कि इनका निर्माण कोलकाता के गार्डनरीच शिपबिल्डर्स में किया गया और इनका उद्घाटन प्रधानमंत्री मोदी ने कोलकाता के ही श्यामाप्रसाद मुखर्जी पोर्ट से किया।
उद्घाटन के मौके पर आयोजित विशेष समारोह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जलशक्ति और जलवाणिज्य में बंगाल का प्रमुख स्थान है। बंगाल में प्रतिभा और उत्साह दोनों मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल ब्लू-इकोनॉमी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला है।
इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी के साथ बंगाल के राज्यपाल आर. एन. रवि, मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और नौसेना के प्रमुख कृष्णा स्वामीनाथन मौजूद थे।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि जब सामुद्रिक परंपरा की बात होती है तब स्वाभाविक तौर पर बंगाल का नाम सामने आता है। भारत के सामुद्रिक संपर्कों और वाणिज्य के मामले में बंगाल बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
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उन्होंने कहा कि इतिहास में कई सत्ताओं के बदलने की साक्षी हुगली नदी की धारा रही है। इसके साथ एक और बात उल्लेखनीय है कि इस बंदरगाह का नाम बंगाल के ही बेटे और देश के पहले उद्योगमंत्री श्यामाप्रसाद मुखर्जी के नाम पर है। उनकी यादों वाला इस बंदरगाह ने बंगाल के गौरव और भारत के विकास के इतिहास को समृद्ध बनाया है।
#WATCH | Kolkata, West Bengal: Prime Minister Narendra Modi says, "Today India is strengthening its entire maritime ecosystem. Therefore, India is modernising its ports, creating new capacity, building new connectivity, expanding river waterways, and developing a multi-modal pic.twitter.com/ueAJRPiUz6
” ANI (@ANI) June 21, 2026
इस दौरान पीएम मोदी ने कहा कि भारत आज जिस नए Meritime Era में कदम रख रहा है, वहां पश्चिम बंगाल बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि नए बंदरगाहों के निर्माण, उद्योग के विकास के मौके, दक्ष मानव संपदा, प्रतिभा और सामुद्रिक अर्थनीति को नई ऊंचाईयों तक ले जाने की क्षमता - सब कुछ पश्चिम बंगाल में है।
प्रधानमंत्री ने भरोसा जताते हुए कहा कि अगले कुछ सालों में पश्चिम बंगाल भारत की ब्लू इकोनॉमी, सामुद्रिक उत्पादन, लॉजिस्टिक और तटवर्तीय विकास का प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा।