शुक्रवार को चुनाव आयोग की फुल बेंच के साथ राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अगरवाल ने बैठक की। बैठक में राज्य के स्टेशन रोल ऑब्जर्वर सुब्रत गुप्त समेत प्रत्येक DEO और ERO भी मौजूद रहे। मतदाता सूची में गहन संशोधन (SIR) की सुनवाई के मामले में कुछ निर्देश भी दिए गए है।
चुनाव आयोग का निर्देश है कि 1 फरवरी (रविवार) की शाम 5 बजे तक सुनवाई का नोटिस जारी करने का काम खत्म करना होगा। अगले 7 दिनों में सुनवाई का पूरा काम खत्म कर लेना होगा।
सुनवाई समेत चुनाव आयोग के सर्वर डॉक्यूमेंट अपलोडिंग का काम 7 दिनों के अंदर खत्म करना होगा। इसके अलावा पिछले दिनों ही सुनवाई की जो प्रक्रिया खत्म हुई है, उसकी डॉक्यूमेंट अपलोडिंग का काम 2 फरवरी तक खत्म करना होगा। इसके अलावा अगले 2-3 दिनों में सभी माइक्रो ऑब्जॉर्वर को सुनवाई केंद्र से हटाकर रोल ऑब्जर्वर के काम में मदद करने के लिए नियुक्त करना होगा।
गौरतलब है कि पूर्व निर्धारित शेड्यूल के अनुसार 14 फरवरी को अंतिम वोटर लिस्ट जारी होने वाली है। इसके कुछ दिनों बाद ही राज्य के विधानसभा चुनावों की घोषणा होने वाली है। ऐसी स्थिति में फरवरी के अंत या मार्क महीने में चुनावों की घोषणा हो सकती है। जानकारों का मानना है कि निर्धारित समय के अंदर ही अंतिम वोटर लिस्ट जारी करने के लिए ही राज्य के निर्वाचन अधिकारी के ऑफिस से यह आदेश दिया गया है।