लखनऊ : लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में स्थित एक कोचिंग संस्थान और लाइब्रेरी भवन में लगी भीषण आग से मची त्रासदी के बाद केंद्र और राज्य सरकार सक्रिय हो गई है। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी है। घटना की गंभीरता को देखते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सोमवार को नई दिल्ली से लखनऊ रवाना हो गए। वे सबसे पहले घटनास्थल का दौरा कर हालात का जायजा लेंगे और इसके बाद किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) पहुंचकर घायलों से मुलाकात करेंगे।
रक्षा मंत्री केजीएमयू में भर्ती घायलों की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी लेने के साथ-साथ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी करेंगे। इस बैठक में आग लगने की घटना, राहत एवं बचाव कार्य तथा घायलों के उपचार की प्रगति पर चर्चा होने की संभावना है।
इस बीच लखनऊ के अलीगंज इलाके में हुए इस अग्निकांड में मृतकों की संख्या बढ़कर 15 हो गई है। चिकित्सकीय विशेषज्ञों के अनुसार अधिकांश लोगों की मौत आग की लपटों से नहीं बल्कि दम घुटने के कारण हुई। आग उस भवन में लगी थी जहां एक लाइब्रेरी और कंप्यूटर प्रशिक्षण संस्थान संचालित किया जा रहा था। घटना के समय भवन के भीतर बड़ी संख्या में युवक-युवतियां मौजूद थे।
किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रेम राज सिंह ने बताया कि अस्पताल पहुंचाए जाने से पहले ही 15 लोगों की मौत हो चुकी थी। सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया गया है। इसके अलावा 7 से 8 अन्य लोगों को भी अस्पताल लाया गया जिनमें से दो को मामूली चोटें आई हैं।
उन्होंने बताया कि एक युवक को रीढ़ की हड्डी में चोट लगी है जिसका इलाज किया जा रहा है। वहीं एक युवती के पैर में चोट आई है और उसकी भी जांच की जा रही है। अस्पताल में भर्ती अधिकांश लोग 25 से 27 वर्ष आयु वर्ग के बताए जा रहे हैं। डॉ. सिंह के अनुसार, मृतकों में अधिकतर की जान दम घुटने के कारण गई।
घटना के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उच्च अधिकारियों को तत्काल जांच के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक और अपर मुख्य सचिव (गृह) को स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के लिए कहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि हादसे की तह तक पहुंचा जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ लौटने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं भी केजीएमयू पहुंचे और अग्निकांड से प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। राज्य सरकार ने घायलों के समुचित उपचार और घटना की विस्तृत जांच का आश्वासन दिया है।