कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण से ठीक पहले राजनीतिक तनाव और बढ़ गया है। राज्य की मंत्री शशि पांजा (Shashi Panja) ने आरोप लगाया है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कार्यकर्ताओं को लगातार निशाना बनाया जा रहा है और उन्हें परेशान किया जा रहा है। कोलकाता में चुनाव आयोग (Election Commission of India) कार्यालय पहुंचने के बाद मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि 142 विधानसभा सीटों पर होने वाले मतदान से पहले यह घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं।
शशि पांजा ने दावा किया कि पिछले सोमवार से TMC के सक्रिय कार्यकर्ताओं को लगातार टारगेट किया जा रहा है और उन्हें स्थानीय पुलिस थानों में बुलाकर पूछताछ के नाम पर परेशान किया जा रहा है। उन्होंने इसे “लगातार उत्पीड़न” करार दिया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भवानीपुर और उत्तर कोलकाता जैसे क्षेत्रों में बाहरी लोगों की मौजूदगी और हस्तक्षेप देखा जा रहा है, जिसे चुनावी प्रक्रिया के लिए सही नहीं बताया जा सकता।
मंत्री ने कहा कि उन्होंने यह सभी मुद्दे मुख्य निर्वाचन अधिकारी के समक्ष उठाए हैं और इस पर तत्काल ध्यान देने की मांग की है। साथ ही उन्होंने कुछ मामलों में अन्य दलों के नेताओं से कथित नकदी बरामद होने के दावे भी किए, जिनकी जांच जरूरी है। इस बीच, राज्य में दूसरे चरण के मतदान की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। बुधवार को 142 सीटों पर वोटिंग होगी, जिसमें 3.22 करोड़ से अधिक मतदाता 1,448 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे।
पहले चरण में 23 अप्रैल को रिकॉर्ड 91.78 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था, जिसके बाद इस चरण को लेकर भी भारी मतदान की उम्मीद जताई जा रही है। चुनाव आयोग ने 41,001 मतदान केंद्र बनाए हैं, जहां वेबकास्टिंग समेत कड़ी निगरानी की व्यवस्था की गई है।
इस चरण में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भवानीपुर सीट से चुनाव लड़ रही हैं, जबकि भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी नंदीग्राम से मैदान में हैं, जिससे मुकाबला बेहद हाई-प्रोफाइल बन गया है। मतदान 29 अप्रैल को होगा और परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे।