बेंगलुरु में एक बार फिर से डबल-डेकर बसों की सेवाओं को शुरू किया गया है। लगभग 29 सालों (वर्ष 1997 के) बाद बेंगलुरु की सड़कों पर इन सजे-संवरों को बसों को फिर से देखा जा रहा है। डबल-डेकर बसों की सुविधा कर्नाटक स्टेट टूरिज्म डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (KSTDC) की 'Hop-on, Hop-off' साइटसीइंग टूर के तहत उपलब्ध करवायी जा रही है।
कितना होगा किराया? कौन-कौन से रूट्स पर चल रही हैं ये बसें? आइए इस बारे में आपको विस्तार से बताते हैं -
बताया जाता है कि 'Hop-on, Hop-off' साइटसीइंग टूर के लिए इन बसों को फिलहाल पायलट परियोजना के तहत चलाया जा रहा है। बाद में रूट्स में विस्तार कर इसे लगभग 26 लैंडमार्क में घुमाया जाएगा। Deccan Herald की मीडिया रिपोर्ट में KSTDC के मैनेजिंग डायरेक्टर प्रशांत कुमार मिश्रा के हवाले से बताया गया है कि पिछले लंबे समय से मैसुरू दशरा के समय इन बसों का इस्तेमाल किया जा रहा था। लेकिन साल के बाकी दिनों में इन बसों का बेहतर इस्तेमाल करने के उद्देश्य से ही इस सेवा को शुरू किया गया है। वर्तमान में 6 डबल-डेकर बसों का संचालन किया जा रहा है।
कितना होगा किराया?
प्रत्येक डबल डेकर बस में 40 यात्री सवारी कर सकेंगे। इनमें से 20 यात्री एसी वाले लोअर डेक और 20 यात्री ओपन टॉप-अपर डेक में सवार होंगे। प्रत्येक दिन ये बसें कुल 5 फेरे लगाएगी। हालांकि सुबह और शाम के व्यस्त समय में इन बसों का संचालन नहीं किया जाएगा। प्रत्येक यात्री के लिए किराया ₹180 होगा।
कौन सा रूट?
डबल डेकर बसों की नयी सेवा जे सी रोड पर रवींद्र कलाक्षेत्र से शुरू होगी जो कॉर्पोरेशन सर्किल, हडसन सर्किल, कस्तुरबा रोड और विधान सौधा से होकर वापस रवींद्र कलाक्षेत्र में लौट आएगी। इस दौरान पर्यटकों को एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम, विधान सौधा, कर्नाटक हाई कोर्ट, टाउन हॉल तथा विश्ववैश्वराया साइंस एंड टेक्नोलॉजी म्यूजियम देखने का मौका मिलेगा।
तो अगली बार जब बेंगलुरु में घूमने जाएं या फिर काम के सिलसिले में भी जाते हैं तो एक दिन डबल डेकर बस की सवारी और बेंगलुरु के ऐतिहासिक जगहों को देखने का मौका बिल्कुल न गंवाएं।