लंबे समय तक लगातार काम करना, कंप्यूटर स्क्रीन की ओर लगातार देखना, समय में काम पूरा करने का दबाव और रोजमर्रा की यात्रा हमारे स्वास्थ्य पर बड़ा प्रभाव डालते हैं। लंबे समय तक बैठने से कई लोग कम उम्र में जोड़ो में दर्द, शरीर की अकड़न, वजन बढ़ना, मानसिक थकान और अधिक तनाव जैसी समस्याओं से पीड़ीत हो जाते हैं। ऐसे सभी समस्याओं से राहत देने में योग व्यायाम मदद कर सकता है। नीचे कुछ योगासन दिए गए हैं जिन्हें रोज करने से ये समस्याएं काफी हद तक कम हो सकती हैं।
1. ग्रीवा शक्ति विकास
कुर्सी पर सीधे बैठें। गर्दन और रीढ़ को सीधा रखें। धीरे-धीरे गर्दन को दाईं ओर, फिर बाईं ओर घुमाएं। इसके बाद सामने और पीछे झकझकाएं। यह व्यायाम गर्दन के दर्द और अकड़न को कम करता है। शरीर की मुद्रा ठीक रखने में मदद करता है। रक्तसंचार बढ़ाता है और मानसिक तनाव कम करता है।
2. कंधा और हाथ शक्ति विकास
सपष्ट पद्मासन में सीधे बैठें। गहरी सांस लेते हुए दोनों कंधों को कानों तक उठाएँ। कुछ सेकंड तक रोकें, फिर धीरे-धीरे साँस छोड़ते हुए कंधे नीचे लाएँ। इसके बाद दोनों हाथों को बाजू की ओर फैलाएं, कोहनी मोड़कर कंधों को स्पर्श करें और फिर सीधा करें। यह व्यायाम कंधों की लचीलापन बढ़ाता है, तनाव कम करता है और रक्तसंचार बढ़ाता है।
3. सीटेड स्पाइनल ट्विस्ट
कुर्सी पर सीधे बैठें, पैर फर्श पर समान रूप से रखें। दायां हाथ कुर्सी की पीछे की ओर रखें और बायाँ हाथ दायां घुटने पर रखकर धीरे-धीरे दायें ओर घूमें। 15 सेकंड रोकें और फिर विपरीत दिशा में दोहराएँ। यह व्यायाम रीढ़ की हड्डी पर दबाव कम करता है, पीठ दर्द में राहत देता है और रीढ़ को लचीला बनाता है।
4. सीटेड साइड बेंड
कुर्सी पर बैठकर शरीर के ऊपरी हिस्से को धीरे-धीरे एक तरफ झुकाएं, ताकि विपरीत तरफ खिंचाव महसूस हो। फिर दूसरी तरफ दोहराएं। यह शरीर की लचीलापन बढ़ाता है, मुद्रा ठीक रखता है और शरीर की तरफ के अतिरिक्त मांसपेशियों को कम करने में मदद करता है।
5. पश्चिमोत्तानासन
फर्श पर बैठें और एक पैर सामने फैलाएं। दोनों हाथ ऊपर उठाकर सांस लें, फिर धीरे-धीरे आगे झुकें और पैर की उंगलियों को छूने का प्रयास करें। इसे 5–10 बार दोहराएं। यह व्यायाम हैमस्ट्रिंग और कमर की मांसपेशियों को शिथिल करता है, पाचन सुधारता है, पेट की चर्बी कम करता है और मन को शांत रखता है।
6. सीट टू स्टैंड व्यायाम
कुर्सी पर बैठें, पैर कंधे की चौड़ाई पर रखें। हाथ मोड़कर खड़े हों और फिर वापस बैठ जाएं। इसे 5–10 बार दोहराएं। यह व्यायाम पैरों की मांसपेशियों को मजबूत करता है, शरीर की मुद्रा सुधारता है और चलने-फिरने की क्षमता बढ़ाता है।
7. चलना जरूरी
इन व्यायामों के अलावा हर एक घंटे पर कुर्सी से उठकर कम से कम 50–100 कदम चलना लाभकारी है। यदि संभव हो तो लिफ्ट के बजाय कभी-कभी सीढ़ियों का इस्तेमाल करना भी शरीर के लिए अच्छा है।