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ज्यादा गुस्सा सेहत के लिए खतरनाक! जानिए इसे कंट्रोल करने के आसान तरीके

By प्रियंका कानू

Jan 02, 2026 19:07 IST

गुस्सा सिर्फ एक असहज भावना नहीं है बल्कि लंबे समय तक गुस्से में रहना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है। सही मात्रा में गुस्सा हमें खतरे के प्रति सतर्क करता है लेकिन जब यह काबू से बाहर हो जाए तो शरीर और दिमाग दोनों पर बुरा असर डालता है। अमेरिकन साइकोलॉजिकल एसोसिएशन (एपीए) के अनुसार, गुस्सा उस भावना को कहते हैं जिसमें किसी व्यक्ति या स्थिति के प्रति नाराजगी या विरोध की भावना होती है।

गुस्सा का हमारे सेहत पर नकारात्मक प्रभाव:

गुस्सा दिल पर दबाव डालता है

गुस्सा आने पर शरीर में स्ट्रेस हार्मोन निकलते हैं, जो दिल की सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं। रिसर्च बताती है कि गुस्सा दिल की पंपिंग क्षमता को कम करता है, जिससे हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। ज्यादा गुस्सैल स्वभाव वाले लोगों में कोरोनरी हार्ट डिज़ीज़ का खतरा अधिक पाया गया है। गुस्सा दिल की धड़कन को भी अनियमित कर सकता है।

हार्ट अटैक का खतरा बढ़ता है

अध्ययनों से पता चला है कि गुस्से के तेज दौरे के दो घंटे के भीतर हार्ट अटैक का खतरा दोगुना तक हो सकता है। जितना ज्यादा गुस्सा, उतना ज्यादा खतरा।

पाचन तंत्र पर असर

दिमाग और पेट आपस में जुड़े होते हैं। गुस्सा और तनाव “फाइट या फ्लाइट” मोड को सक्रिय कर देते हैं, जिससे पाचन गड़बड़ा जाता है। इससे पेट दर्द, दस्त, एसिडिटी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। लंबे समय तक तनाव IBS, GERD जैसी बीमारियों का कारण बन सकता है।

मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान

लंबे समय तक गुस्से में रहना चिंता और डिप्रेशन जैसी समस्याओं को बढ़ाता है। इससे ध्यान लगाने में दिक्कत, नकारात्मक सोच और रिश्तों में खटास आती है। गुस्सा अक्सर झगड़े और हिंसक व्यवहार को जन्म दे सकता है।

नींद खराब करता है गुस्सा

जिन लोगों को ज्यादा गुस्सा आता है, उन्हें नींद न आने या बार-बार नींद टूटने की समस्या ज्यादा होती है। गुस्सा दिमाग को शांत नहीं होने देता, जिससे सोना मुश्किल हो जाता है।

गुस्से को काबू में करने के 10 आसान तरीके :-

1. गिनती करें- 10 तक (या ज्यादा गुस्से में हों तो 100 तक) गिनती करें। इससे दिल की धड़कन धीमी होती है और गुस्सा कम होता है।

2. गहरी सांस लें- नाक से गहरी सांस लें और मुंह से धीरे छोड़ें। कुछ मिनट ऐसा करें।

3. टहलने जाएं- चलना, साइकिल चलाना या हल्की एक्सरसाइज़ गुस्सा कम करती है।

4. मांसपेशियों को ढीला करें- एक-एक करके मांसपेशियों को कसें और फिर ढीला छोड़ें, साथ में गहरी सांस लें।

5. कोई मंत्र दोहराएं- “शांत रहो”, “सब ठीक हो जाएगा” जैसे शब्द खुद से दोहराएं।

6. हल्की स्ट्रेचिंग करें- गर्दन और कंधों को घुमाएं, इससे शरीर और मन दोनों रिलैक्स होते हैं।

7. मन में शांत जगह की कल्पना करें- आंख बंद करके किसी खूबसूरत और शांत जगह की कल्पना करें।

8. संगीत सुनें- पसंदीदा गाना सुनें, गुनगुनाएं या हल्का डांस करें।

9. चुप रहें- गुस्से में बोलने से बेहतर है थोड़ी देर चुप रहना।

10. टाइम-आउट लें- कुछ देर अकेले बैठें, खुद को शांत होने का समय दें।

गुस्सा एक सामान्य भावना है, जिसे हर व्यक्ति कभी-न-कभी महसूस करता है लेकिन अगर आपका गुस्सा आक्रामकता या अचानक गुस्से के विस्फोट में बदल जाता है, तो इसे संभालने के लिए स्वस्थ तरीकों को अपनाना जरूरी है।

अगर ये उपाय मददगार साबित न हों, तो अपने डॉक्टर से बात करने पर विचार करें। कोई मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ या थैरेपिस्ट आपको उन गहरे कारणों को समझने और उनसे निपटने में मदद कर सकता है, जो गुस्से और अन्य भावनात्मक समस्याओं की वजह बनते हैं।

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