रात को जल्दी बिस्तर पर जाने के बाद भी नींद नहीं आती, करवटें बदलते रहते हैं और मोबाइल चलाने लगते हैं, ऐसा क्यों होता है? दरअसल सोने से पहले की कुछ आम आदतें हमारी स्लीप साइकिल को बिगाड़ देती हैं। स्लीप साइकिल में हल्की नींद, गहरी नींद और REM नींद शामिल होती है, जो शरीर और दिमाग के आराम के लिए बहुत जरूरी है। जब ये सही नहीं रहती तो नींद टूट-टूट कर आती है और दिनभर थकान महसूस होती है। लंबे समय में सेहत पर भी असर पड़ता है।
सोने से पहले ये आदतें नींद खराब कर रही हैं:
स्क्रीन टाइम
सोने से पहले मोबाइल चलाना या सीरीज देखना आम बात है लेकिन स्क्रीन से निकलने वाली नीली रोशनी नींद लाने वाले हार्मोन को कम कर देती है। बेहतर नींद के लिए सोने से कम से कम 1 घंटा पहले स्क्रीन बंद करें।
कैफीन लेना
शाम के बाद चाय या कॉफी पीने से नींद में रुकावट आती है। कैफीन का असर 6–8 घंटे तक रहता है। सोने से 6 घंटे पहले कैफीन से बचें।
शराब
शराब पीने से शुरुआत में नींद आ सकती है लेकिन यह गहरी नींद को कम कर देती है। नतीजा, सुबह थकान। सोने से 3 से 4 घंटे पहले शराब न लें।
भारी खाना
रात में भारी या जंक फूड खाने से पाचन खराब होता है और नींद टूटती है। हल्का खाना खाएं और सोने से 2 घंटे पहले डिनर कर लें।
देर रात एक्सरसाइज
दिन में व्यायाम अच्छा है लेकिन सोने से ठीक पहले करने से शरीर ज्यादा एक्टिव हो जाता है। एक्सरसाइज सुबह या शाम को करें।
तनाव भरे काम
सोने से पहले ऑफिस मेल चेक करना या समस्याओं के बारे में सोचना दिमाग को बेचैन रखता है। इसकी जगह किताब पढ़ें या ध्यान करें।
अनियमित सोने का समय
हर दिन अलग-अलग समय पर सोने से शरीर की अंदरूनी घड़ी गड़बड़ा जाती है। रोज एक ही समय पर सोएं और उठें।
इन आदतों को सुधारकर आप अपनी नींद और सेहत, दोनों को बेहतर बना सकते हैं।