नई दिल्ली/तेहरान: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच एक नया विवाद सामने आया है। ईरान के सरकारी समाचार एजेंसी तसनीम (Tasnim) ने दावा किया है कि ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) ने एक अमेरिकी F-35 फाइटर जेट को मार गिराया और उसके पायलट को हिरासत में ले लिया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, यह घटना पश्चिमी ईरान के हवाई क्षेत्र में हुई, जहां IRGC की एयर डिफेंस यूनिट ने कार्रवाई करते हुए इस अत्याधुनिक अमेरिकी लड़ाकू विमान को निशाना बनाया। ईरान की ओर से यह भी कहा गया कि इस ऑपरेशन में उनके नए एयर डिफेंस सिस्टम ने अहम भूमिका निभाई।
हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम पर अमेरिका ने सख्त प्रतिक्रिया दी है। यूएस सेंट्रल कमांड (US Central Command) ने अपने आधिकारिक X (पूर्व ट्विटर) हैंडल पर ईरान के दावों को पूरी तरह से खारिज करते हुए इसे “झूठा” बताया। उन्होंने साफ कहा कि किसी अमेरिकी विमान को गिराए जाने की बात सही नहीं है।
यह पहली बार नहीं है जब ईरान ने F-35 को निशाना बनाने का दावा किया है। IRGC इससे पहले भी ऐसे दावे कर चुका है, जिससे क्षेत्र में सैन्य तनाव और बढ़ गया है।
इस घटनाक्रम के बीच ईरान ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को चेतावनी भी दी है। ईरान का कहना है कि यदि उसकी बुनियादी ढांचे पर हमला किया गया, तो वह जवाबी कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा।
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले ईरान के कराज शहर में एक पुल पर हमले की घटना सामने आई थी, जिसके लिए ईरान ने इजराइल और अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया था। इसके जवाब में ईरान ने पश्चिम एशिया में अमेरिका के सहयोगी देशों के आठ पुलों को निशाना बनाने की धमकी दी थी।
इस ताजा दावे और उसके बाद अमेरिका के खंडन ने एक बार फिर क्षेत्र में अनिश्चितता और तनाव को बढ़ा दिया है। फिलहाल, इस मामले में स्वतंत्र रूप से किसी भी दावे की पुष्टि नहीं हो सकी है।