वाशिंगटन डीसी : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप Donald Trump ने शुक्रवार को कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका ने ईरान पर चल रहे संघर्ष में बड़ा प्रहार किया है और ईरानी नौसेना बलों को लगभग पूरी तरह नष्ट कर दिया गया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस, वॉशिंगटन में कमांडर इन चीफ ट्रॉफी के कार्यक्रम के दौरान कहा कि हाल की सैन्य कार्रवाइयों में अमेरिकी सेना ने कई ईरानी जहाजों को निशाना बनाया।
उन्होंने कहा कि ईरान पर अमेरिका की स्थिति बहुत अच्छी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पिछले दो हफ्तों में ईरान की नौसेना पूरी तरह नष्ट हो गई है। ट्रंप के अनुसार दो दिनों में 58 ईरानी जहाज ध्वस्त कर दिए गए और अब उनकी नौसेना समुद्र की तल में है।
उन्होंने अमेरिकी नौसेना की ताकत की भी तारीफ की और कहा कि हमारी नौसेना दुनिया की सबसे मजबूत है, और किसी भी दूसरी नौसेना से तुलना ही नहीं की जा सकती।
ट्रंप ने फिर दोहराया कि अमेरिका ईरान को परमाणु हथियार नहीं रखने देगा, क्योंकि अगर उनके पास होते तो वे उनका इस्तेमाल कर सकते थे। उनका मानना है कि यह काम पहले के अमेरिकी राष्ट्रपतियों को करना चाहिए था।
गुरुवार को ट्रंप ने यह भी कहा कि मध्य पूर्व में अमेरिकी सैनिकों की तैनाती का कोई इरादा नहीं है, और अमेरिकी सेना की ताकत और अभियानों के उद्देश्य को रेखांकित किया। पत्रकार के सवाल पर उन्होंने कहा कि अगर सैनिक भेजते भी हैं, तो इसकी जानकारी किसी को नहीं देंगे।
राष्ट्रपति ने यह भी बताया कि यह कार्रवाई वैश्विक और दीर्घकालीन सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए की जा रही है, क्योंकि ईरान दुनिया और मध्य पूर्व के लिए गंभीर खतरा है।
अंत में उन्होंने अमेरिकी सैन्य क्षमताओं की ताकत बताई और उदाहरण दिया कि हाल ही में 114 रॉकेटों को अमेरिकी उपकरणों से सफलतापूर्वक नष्ट किया गया।
ट्रंप ने कहा हमारे पास दुनिया की सबसे मजबूत सेना है। हमारे पास सबसे बेहतरीन उपकरण हैं। हमने हाल ही में 114 रॉकेट एक विशेष स्थान पर छोड़े गए, और हमारे सभी उपकरणों से हर एक रॉकेट को मार गिराया गया। यह वास्तव में अद्भुत है। हम सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हमारी ताकत बनी रहे, और यह सुनिश्चित करने के लिए यह एक छोटा मूल्य है।