मिर्जापुर: कुत्ते के काटने पर रैबीज का टीका लेना अनिवार्य है। अगर सही तरीके से उपचार न किया जाए तो कुत्ते के काटने से भयंकर रोग फैलने का खतरा रहता है। हाल ही में उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर का एक मामला इस खतरे को और उजागर कर रहा है। मिर्जापुर के 17 वर्षीय एक किशोर को कुछ महीने पहले एक आवारा कुत्ते ने काटा था। उसके बाद उसे अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया। पहले दो बार उसे रैबीज का टीका दिया गया लेकिन अंतिम दो डोज नहीं दी गई। इसी वजह से उसके शरीर में रैबीज वायरस फैल गया।
In Uttar Pradesh's Mirzapur, a boy named Karan is reportedly showing symptoms of rabies four months after being bitten by a dog.
— Hate Detector 🔍 (@HateDetectors) March 14, 2026
According to reports, he did not complete the full course of rabies vaccination following the bite.
Karan is currently being urgently transported to… pic.twitter.com/JTtpmM3xkF
चिकित्सक बताते हैं कि इस रोग में टीकाकरण ही एकमात्र उपाय है। कुत्ते के काटते ही जितनी जल्दी हो सके टीका लेना आवश्यक है। ऐसा न होने पर रैबीज शरीर पर हमला कर सकता है। इस किशोर के मामले में यही हुआ। उसके शरीर में दर्द और बीच-बीच में कुत्ते जैसे आवाज़ निकालने के लक्षण देखे गए हैं।
वर्तमान में किशोर की शारीरिक स्थिति ऐसी है कि विशेषज्ञों का कहना है कि उसकी पूरी तरह से स्वस्थ होने की संभावना लगभग असंभव है। जानकारी के अनुसार, किशोर के पिता विशेष रूप से सक्षम हैं और आर्थिक स्थिति भी सामान्य नहीं है इसलिए घर से काफी दूर अस्पताल जाकर टीकाकरण कराना संभव नहीं हो पाया। चिकित्सकों का कहना है कि एक बार रोग शरीर में फैल गया तो ठीक होना लगभग असंभव है।