नई दिल्लीः भारतीय पहलवानों के प्रदर्शन को देखते हुए पहलवान गीता फोगाट ने भरोसा जताया है कि वर्ष 2028 में लॉस एंजेलिस में होने वाले ओलंपिक खेलों में भारत कुश्ती में पहले से अधिक पदक जीतेगा। उन्होंने 2026 एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन को इस उम्मीद की मजबूत वजह बताया।
नई दिल्ली में आयोजित ‘फिट इंडिया संडेज़ ऑन साइकिल’ कार्यक्रम के दौरान गीता फोगाट ने कहा कि भारतीय पहलवान जिस तरह लगातार प्रगति कर रहे हैं, उसे देखते हुए आगामी ओलंपिक में पदकों की संख्या बढ़ने की पूरी संभावना है। उन्होंने हालिया चैंपियनशिप में पुरुष 65 किलोग्राम वर्ग में सुजीत कलकल और 70 किलोग्राम वर्ग में अभिमन्यु मंडवाल के स्वर्ण पदकों का विशेष उल्लेख किया। साथ ही, उन्होंने पूरे भारतीय दल को उनके प्रदर्शन के लिए बधाई दी।
किर्गिस्तान के बिश्केक में आयोजित 2026 एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में भारत ने कुल 17 पदक जीते, जिनमें 2 स्वर्ण, 6 रजत और 9 कांस्य शामिल थे। ललित सहरावत और नितेश सिवाच ने भी स्वर्ण पदक जीते, जबकि अमन सहरावत (61 किग्रा), मुकुल दहिया (86 किग्रा) और मीनाक्षी गोयत (53 किग्रा) अपने-अपने वर्ग में उपविजेता रहे।
गीता फोगाट ने फिट इंडिया आंदोलन और खेलो इंडिया जैसी पहलों की सराहना करते हुए कहा कि इससे लोगों में फिटनेस के प्रति जागरूकता बढ़ी है। उन्होंने कहा कि हर रविवार आयोजित ऐसे कार्यक्रमों से बड़े पैमाने पर लोगों की भागीदारी बढ़ती है और विशेष रूप से महिलाओं के लिए यह सकारात्मक संदेश देता है।
इसी कार्यक्रम में अर्जुन पुरस्कार विजेता और पेशेवर मुक्केबाज़ सवीटी बूरा ने भी महिलाओं की बढ़ती भागीदारी पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि अब महिलाओं में फिटनेस को लेकर उत्साह पहले से कहीं अधिक बढ़ गया है। सामाजिक सोच में बदलाव, सोशल मीडिया और ऐसे कार्यक्रमों के कारण महिलाएं अब घर से बाहर निकलकर अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दे रही हैं और पुरानी सीमाओं को तोड़ रही हैं।
सवीटी बूरा ने अपने लक्ष्य के बारे में बताते हुए कहा कि उनका मुख्य ध्यान लॉस एंजेलिस ओलंपिक की तैयारी पर है और वह देश के लिए स्वर्ण पदक जीतना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि अन्य प्रतियोगिताओं में सफलता मिलने के बावजूद ओलंपिक पदक अभी हासिल करना बाकी है।
भारतीय खेल प्राधिकरण के उप महानिदेशक मयंक श्रीवास्तव ने बताया कि 2019 में शुरू किया गया फिट इंडिया आंदोलन लोगों को बड़े स्तर पर फिटनेस के प्रति प्रेरित करने का प्रयास है। ‘फिट इंडिया संडेज़ ऑन साइकिल’ कार्यक्रम देशभर में लगभग 1000 स्थानों पर आयोजित किया गया, जिसमें महिलाओं की उल्लेखनीय भागीदारी रही। इस पहल का उद्देश्य यह संदेश देना है कि फिट रहना जरूरी भी है और आनंददायक भी, जिसे योग, ज़ुम्बा और रस्सी कूद जैसी सरल गतिविधियों से हासिल किया जा सकता है।