मिलानः यूरोपीय फुटबॉल में नई पीढ़ी के सबसे चर्चित कोचों में शामिल रुबेन अमोरिम को एसी मिलान ने अपना नया मुख्य कोच नियुक्त किया है। मैनचेस्टर यूनाइटेड से विदाई के कुछ ही महीनों बाद अमोरिम को एक और बड़े क्लब की कमान सौंपे जाने को फुटबॉल जगत में महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
इतालवी क्लब ऐसे समय में बदलाव की राह पर आगे बढ़ रहा है, जब पिछले सीजन की निराशा ने टीम प्रबंधन को बड़े फैसले लेने के लिए मजबूर कर दिया। क्लब को उम्मीद है कि अमोरिम की आधुनिक सोच और आक्रामक रणनीति टीम को नई दिशा देगी।
नए युग की शुरुआत करना चाहता है मिलान
एसी मिलान के मालिक समूह रेडबर्ड कैपिटल के प्रबंध साझेदार गेरी कार्डिनेल ने कहा कि क्लब लंबे समय से अमोरिम के कामकाज पर नजर रखे हुए था। उनके अनुसार, स्पोर्टिंग लिस्बन में अमोरिम ने जिस तरह की फुटबॉल संस्कृति विकसित की, वह मिलान की भविष्य की योजनाओं के अनुरूप है।
क्लब प्रबंधन का मानना है कि गेंद पर नियंत्रण, तेज प्रेसिंग और आक्रामक सोच वाली फुटबॉल आधुनिक दौर की जरूरत है और अमोरिम इन सभी पहलुओं में मजबूत पहचान रखते हैं।
रिपोर्टों के मुताबिक अमोरिम ने तीन साल का अनुबंध किया है, जिसके तहत उन्हें प्रति सीजन करीब 35 लाख यूरो और प्रदर्शन आधारित अतिरिक्त प्रोत्साहन मिलेगा।
निराशाजनक सीजन के बाद बदलाव की जरूरत
एसी मिलान ने पिछले महीने मासिमिलियानो अलेग्री को पद से हटा दिया था। क्लब की उम्मीदें थीं कि टीम सीरी ए खिताब की दौड़ में मजबूत चुनौती पेश करेगी, लेकिन सीजन के अंतिम चरण में प्रदर्शन बुरी तरह लड़खड़ा गया।
आखिरी आठ मुकाबलों में केवल दो जीत मिलने के कारण टीम अंक तालिका में पांचवें स्थान पर खिसक गई। इसका सबसे बड़ा नुकसान यह हुआ कि मिलान अगले सत्र की यूईएफए चैंपियंस लीग में जगह नहीं बना सका।
प्रबंधन ने इसे क्लब की क्षमता के अनुरूप प्रदर्शन नहीं माना और व्यापक बदलाव की प्रक्रिया शुरू की।
यूनाइटेड में नहीं दोहरा सके सफलता की कहानी
रुबेन अमोरिम का नाम कुछ वर्ष पहले यूरोप के सबसे प्रतिभाशाली युवा कोचों में लिया जाता था। उन्होंने स्पोर्टिंग लिस्बन को 2021 में 19 साल बाद पुर्तगाल का लीग खिताब दिलाया था। इसके बाद उन्होंने एक और लीग ट्रॉफी जीतकर अपनी प्रतिष्ठा को और मजबूत किया।
इसी सफलता के आधार पर मैनचेस्टर यूनाइटेड ने उन्हें बड़ी उम्मीदों के साथ नियुक्त किया था। हालांकि इंग्लैंड में उनका कार्यकाल अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं रहा।
यूनाइटेड उनके नेतृत्व में प्रीमियर लीग इतिहास के सबसे खराब सत्रों में से एक से गुजरा। टीम 15वें स्थान पर रही और कई नकारात्मक रिकॉर्ड भी उसके नाम दर्ज हुए। लगातार खराब नतीजों और आंतरिक असंतोष के बाद जनवरी में क्लब ने उन्हें पद से हटा दिया।
3-4-3 प्रणाली फिर चर्चा में
अमोरिम की कोचिंग दर्शन की सबसे बड़ी पहचान उनकी पसंदीदा 3-4-3 फॉर्मेशन है। मैनचेस्टर यूनाइटेड में इसी रणनीति को लेकर उनकी काफी आलोचना हुई थी, क्योंकि उपलब्ध खिलाड़ी उस प्रणाली में सहज नहीं दिखे।
इसके बावजूद एसी मिलान ने इसी शैली को अपनी भविष्य की परियोजना का हिस्सा माना है। क्लब का विश्वास है कि तेज आक्रमण और ऊंची प्रेसिंग वाली यह प्रणाली टीम की आक्रामक क्षमता को बढ़ाएगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिकी स्टार क्रिश्चियन पुलिसिक और बेल्जियम के एलेक्सिस सालेमेकर्स जैसे खिलाड़ी इस रणनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
राफेल लियाओ के भविष्य पर भी असर
पिछले कुछ समय से एसी मिलान के स्टार फॉरवर्ड राफेल लियाओ के क्लब छोड़ने की अटकलें लगाई जा रही हैं। हालांकि अमोरिम की नियुक्ति के बाद अब यह चर्चा शुरू हो गई है कि क्या पुर्तगाली कोच की मौजूदगी लियाओ को रुकने के लिए प्रेरित करेगी।
क्योंकि लियाओ की खेल शैली अमोरिम की आक्रामक प्रणाली में पूरी तरह फिट बैठती है, इसलिए क्लब प्रबंधन भी इस संभावित समीकरण पर नजर बनाए हुए है।
पुराने क्लब से जल्द होगा सामना
अमोरिम के लिए नई भूमिका की शुरुआत भी दिलचस्प होने वाली है। एसी मिलान को 15 अगस्त को पोलैंड में प्री-सीजन मुकाबले में मैनचेस्टर यूनाइटेड का सामना करना है।
यानी जिस क्लब से उनका सफर निराशा के साथ खत्म हुआ, उसी के खिलाफ उन्हें नए क्लब के साथ अपनी पहली बड़ी परीक्षा देनी होगी। फुटबॉल प्रेमियों की नजरें इस मुकाबले पर विशेष रूप से टिकी रहेंगी।