मैनचेस्टर: यूसीएल में बड़ा उलटफेर हुआ। नॉर्वे के छोटे क्लब बोडो/ग्लिम्ट के हाथों मैनचेस्टर सिटी को 3-1 से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के बाद पेप गुआर्दियोला की टीम की आलोचना हुई। खासकर इसलिए क्योंकि सिटी एक ऐसी टीम के खिलाफ हारी जो नाम या ताकत में उनके स्तर की नहीं है। इस मैच के बाद मैनचेस्टर सिटी ने एक अनोखा कदम उठाया। बोडो/ग्लिम्ट के होम ग्राउंड में जो मैनचेस्टर सिटी समर्थक गए थे, उनके टिकट का पैसा क्लब ने वापस देने का निर्णय लिया।
मैनचेस्टर सिटी के 374 समर्थक टीम का समर्थन करने मैनचेस्टर से नॉर्वे के बोडो शहर गए थे। बोडो/ग्लिम्ट बनाम मैनचेस्टर यूनाइटेड मैच में अवे समर्थकों के टिकट की कीमत 25 यूरो थी। इसका मतलब है कि कुल 9358 यूरो वापस किए जाएंगे, जो भारतीय मुद्रा में लगभग 11 लाख 50 हजार रुपये है। क्लब के इस कदम का कई लोगों ने स्वागत किया लेकिन कुछ लोगों ने तंज भी किया। कतर के मालिकाना हक वाले मैनचेस्टर सिटी को दुनिया के सबसे अमीर क्लबों में से एक माना जाता है और उनका मानना है कि यह केवल दिखावा है।
इस मैच में सिटी के स्ट्राइकर एर्लिंग हालैंड सुस्त दिखे। हार के बाद एक साक्षात्कार में हालैंड ने कहा कि बोडो के खिलाड़ियों ने शानदार फुटबॉल खेला और वे जीत के हकदार थे। मैं नहीं जानता इस हार के बारे में क्या कहूं। समर्थकों से माफी मांगने के अलावा कोई रास्ता नहीं है। नॉर्वे के बोडो शहर की आबादी 55 हजार है। जबकि मैनचेस्टर सिटी का होम ग्राउंड एटिहाद स्टेडियम में कुल दर्शक संख्या 53,400 है। यानी बोडो शहर एटिहाद स्टेडियम में समा सकता है। ऐसे क्लब के हाथों हार पचाना सिटी के समर्थकों के लिए आसान नहीं होगा।