चेल्म्सफोर्ड : भारतीय महिला टीम ने तीन मैचों की टी20 श्रृंखला के पहले मुकाबले में इंग्लैंड को 38 रन से हराकर शानदार शुरुआत की। इस जीत के बाद भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका भाटिया ने डेब्यू करने वाली नंदिनी कश्यप की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि दबाव के बीच नंदिनी ने अपनी ताकत के अनुसार गेंदबाजी की और यादगार प्रदर्शन किया।
नंदिनी कश्यप ने अपने पदार्पण मुकाबले में 3 विकेट लेकर भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने 34 रन देकर तीन विकेट हासिल किए। नियमित तेज गेंदबाज रेणुका सिंह की गैरमौजूदगी में नंदिनी का प्रदर्शन भारतीय टीम प्रबंधन के लिए चयन को लेकर सुखद सिरदर्द बन गया है, खासकर अगले महीने होने वाले आईसीसी के बड़े टूर्नामेंट से पहले।
यास्तिका ने आगे कहा, “उन्होंने अपनी ताकत के अनुसार गेंदबाजी की और विकेट हासिल किए। डेब्यू मैच में इस तरह का प्रदर्शन असाधारण होता है। वह भावुक थीं और हम सभी भी उन्हें डेब्यू कैप लेते और शानदार प्रदर्शन करते देखकर भावुक हो गए थे। भारतीय क्रिकेट के लिए यह बेहद उत्साहजनक समय है क्योंकि जो भी खिलाड़ी प्लेइंग इलेवन में आ रहा है, वह अपनी छाप छोड़ रहा है और टीम के लिए योगदान दे रहा है।”
25 वर्षीय यास्तिका भाटिया ने लंबे समय बाद टीम में वापसी को लेकर भी अपनी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने कहा कि चोट से वापसी के बाद टीम ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया, जिससे उनकी वापसी और भी खास बन गई। मैं खुद को बेहद खास महसूस कर रही हूं और बहुत आभारी हूं। लंबे समय बाद टीम में वापसी कर रही हूं और टीम ने मेरा बहुत अच्छे तरीके से स्वागत किया। वापस आना मेरे लिए बहुत अच्छा अनुभव रहा। मैं उन सभी लोगों की आभारी हूं जिन्होंने मुश्किल समय में मेरा साथ दिया। पर्दे के पीछे वापसी के लिए काफी मेहनत की गई।
यास्तिका भाटिया ने अपनी साझेदारी के दौरान जेमिमा रोड्रिग्स की भूमिका की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि जेमिमा ने बल्लेबाजी में परिपक्वता दिखाई और लगातार उनका हौसला बढ़ाती रहीं।
मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही और स्मृति मंधाना जल्दी आउट हो गईं। इसके बाद यास्तिका भाटिया और जेमिमा रोड्रिग्स ने शानदार साझेदारी कर टीम को संभाला। यास्तिका ने 40 गेंदों में तेज 54 रन बनाए, जबकि जेमिमा रोड्रिग्स ने 40 गेंदों पर 69 रन की शानदार पारी खेली। अंत में दीप्ति शर्मा समेत अन्य बल्लेबाजों के उपयोगी योगदान की बदौलत भारत ने 20 ओवर में 7 विकेट पर 188 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
इंग्लैंड की ओर से लॉरेन बेल ने सबसे प्रभावशाली गेंदबाजी करते हुए तीन विकेट हासिल किए। वहीं टिली कोर्टीन-कोलमैन ने मध्य ओवरों में अनुशासित गेंदबाजी से प्रभावित किया।
189 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड टीम की शुरुआत खराब रही और शुरुआती विकेट जल्दी गिर गए। हालांकि एमी जोन्स ने 48 गेंदों में 67 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेलकर इंग्लैंड को मुकाबले में बनाए रखने की कोशिश की। उन्हें कुछ समय के लिए हीदर नाइट का साथ मिला।
लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने लगातार अंतराल पर विकेट लेकर इंग्लैंड की उम्मीदों को तोड़ दिया। नंदिनी शर्मा ने 3 विकेट लेकर मैच का रुख भारत की ओर मोड़ दिया। वहीं क्रांति गौड़ ने शुरुआती विकेट झटके और दीप्ति शर्मा ने मध्य ओवरों में शानदार नियंत्रण बनाए रखा।
आखिरकार इंग्लैंड की टीम लक्ष्य से 38 रन दूर रह गई और भारत ने बल्लेबाजी, गेंदबाजी तथा फील्डिंग तीनों विभागों में शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की। इस जीत के साथ भारत महिला टीम ने तीन मैचों की टी20 श्रृंखला में 1-0 की बढ़त हासिल कर ली।