भोपालः त्विशा शर्मा के दहेज मौत मामले में सीबीआई ने शुक्रवार को कोर्ट में त्विशा की सास गिरिबाला सिंह की पांच दिन की रिमांड की मांग की। साथ ही आरोपी त्विशा के पति समर्थ सिंह की हिरासत भी पांच दिन बढ़ाने का अनुरोध किया गया।
गिरिबाला की ओर से उनके वकील ने कहा कि वे सीबीआई की मांग के खिलाफ नहीं हैं। गिरिबाला सिंह को भोपाल जिला न्यायालय में पेश किया गया। इससे पहले, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने उनके अग्रिम जमानत आदेश को रद्द कर दिया था।
गिरिबाला और समर्थ पर गंभीर आरोप
सीबीआई ने गिरिबाला और समर्थ पर दहेज हत्या और महिला उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाते हुए जांच तेज करने की जरूरत बताई है। गिरिबाला पर भारतीय दंड संहिता की धारा 80(2) (दहेज हत्या), 85 (पति या रिश्तेदारों द्वारा क्रूरता) और 3(5) (साझा इरादे में अपराध) के तहत मामला दर्ज है।
साथ ही, दहेज निषेध अधिनियम 1961 की धारा 3 और 4 के तहत भी मामला दर्ज किया गया है। अब पुलिस और सीबीआई को कानूनी रूप से गिरिबाला से पूछताछ करने का अधिकार मिल गया है।
त्विशा शर्मा की शादी के बाद उत्पीड़न का आरोप
त्विशा शर्मा नोएडा, उत्तर प्रदेश की निवासी थीं। उनकी शादी दिसंबर 2025 में भोपाल निवासी समर्थ सिंह से हुई थी। त्विशा की मृत्यु 12 मई 2026 को हुई। उनके परिवार का आरोप है कि समर्थ और उनकी सास गिरिबाला ने दहेज के लिए त्विशा को मानसिक और शारीरिक रूप से उत्पीड़ित किया।
इस मामले में नई भारतीय न्याय संहिता 2023 और दहेज निषेध अधिनियम 1961 के तहत गंभीर आरोप लगाए गए हैं। मामला तेजी से कानूनी प्रक्रिया में आगे बढ़ रहा है।
केस की सुनवाई तेज, मीडिया में बयान देने से रोक
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने मामले की सुनवाई तेज करते हुए 27 मई 2026 को अगली सुनवाई तय की थी। सुप्रीम कोर्ट ने भी सीबीआई को मामले की जांच संभालने और शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं।
साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने मृतक परिवार और आरोपी पक्ष से कहा है कि वे मामले पर सार्वजनिक बयानबाजी न करें। अब सीबीआई जांच में गिरिबाला और समर्थ दोनों से पूछताछ करेगी और कोर्ट से रिमांड बढ़ाने की अनुमति लेकर मामले को आगे बढ़ाएगी।