सिडनीः पर्थ, ब्रिसबेन और एडिलेड के बाद ऑस्ट्रेलिया ने सीरीज का अंतिम मुकाबला सिडनी में भी जीत लिया। इसके साथ ही पाँच मैचों की एशेज सीरीज ऑस्ट्रेलिया ने 4-1 से जीत ली। आखिरी मैच उन्होंने पाँच विकेट से अपने नाम किया। पहले तीन मैच जीतकर ऑस्ट्रेलिया पहले ही सीरीज जीत चुका था। बाकी दो मैच औपचारिकता भर थे जिनमें से एक में जीत और एक में हार मिली।
इस बार ऑस्ट्रेलिया ने सिर्फ 11 दिनों में ही एशेज अपने नाम कर ली। इसके बाद इंग्लिश क्रिकेट के भविष्य को लेकर सवाल उठने लगे खासकर ब्रेंडन मैकुलम की ‘बैजबॉल’ रणनीति को लेकर। यहां तक कि उन्हें पद से हटाने की मांग भी होने लगी थी। अब 4-1 से सीरीज हारने के बाद मैकुलम की नौकरी बची रहे तो हैरानी होगी।
सिडनी में खेले गए आखिरी मैच में ऑस्ट्रेलिया ने पाँच विकेट से जीत दर्ज की। इंग्लैंड किसी भी समय ऑस्ट्रेलिया को कड़ी चुनौती नहीं दे सका। पूरी सीरीज में ऑस्ट्रेलियाई टीम पूरी तरह हावी रही। सिडनी टेस्ट जीतने के लिए ऑस्ट्रेलिया के सामने 160 रनों का लक्ष्य था जिसे उन्होंने सिर्फ पाँच विकेट गंवाकर हासिल कर लिया। 121 रन पर पाँच विकेट गिरने के बाद भी इंग्लैंड के पास मैच पलटने का मौका था लेकिन एलेक्स कैरी और कैमरन ग्रीन ने 40 रनों की साझेदारी कर जीत पक्की कर दी।
मैच में इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 384 रन बनाए। इसके जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने 567 रनों की विशाल पारी खेलकर 183 रनों की बढ़त हासिल की। इंग्लैंड ने दूसरी पारी में 342 रन बनाए और ऑस्ट्रेलिया को 159 रनों का लक्ष्य दिया। मौजूदा फॉर्म को देखते हुए यह लक्ष्य ऑस्ट्रेलिया के लिए मुश्किल नहीं था।
मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी ट्रैविस हेड रहे। उन्होंने पहली पारी में 163 और दूसरी पारी में 29 रन बनाए। वहीं सीरीज के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी मिचेल स्टार्क रहे जिन्होंने पूरी सीरीज में कुल 31 विकेट लिए।