नयी दिल्ली: दिल्ली पुलिस की नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट एंटी-नारकोटिक्स टीम ने बुधवार देर रात मुठभेड़ के बाद लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े दो शार्पशूटरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को पहले से गुप्त सूचना मिली थी, जिसके बाद हिरानकी मोड़ पर घेराबंदी की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि मुठभेड़ के दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच गोलियां चलीं। इसमें एक बदमाश के पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। एक पुलिस कांस्टेबल को भी गोली लगी लेकिन बुलेटप्रूफ जैकेट पहनने के कारण उसे कोई चोट नहीं आई।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान दीपक और एक नाबालिग के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके पास से दो पिस्तौल, जिंदा कारतूस और एक स्कूटर बरामद किया। पुलिस के अनुसार ये अभियुक्त पश्चिम विहार और पश्चिम विनोद नगर में हाल की फायरिंग की घटनाओं में शामिल थे।
सोमवार रात बाइक सवार दो अज्ञात लोगों ने पश्चिम विहार ईस्ट में एक जिम के बाहर हवा में गोलियां चलाई थीं। रात करीब 11 बजे पुलिस को इसकी सूचना मिली। मौके पर पहुंचने पर पता चला कि आउटर रिंग रोड पर स्थित आरके फिटनेस जिम के बाहर दो फायर किए गए थे।
इससे पहले 7 जनवरी को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने विदेश मंत्रालय और गृह मंत्रालय के साथ मिलकर वांछित अपराधी अमन उर्फ अमन कुमार उर्फ अमन भैंसवाल को अमेरिका से भारत वापस लाया। यह कार्रवाई इंटरपोल के माध्यम से की गई।
अमन 7 जनवरी को भारत पहुंचा और दिल्ली एयरपोर्ट पर हरियाणा पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। सीबीआई के अनुसार, अमन पर हत्या, दंगा और आपराधिक साजिश जैसे गंभीर मामलों में आरोप हैं। वह लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा एक कुख्यात अपराधी है।
अधिकारियों ने बताया कि अमन को पहले भारत में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन जमानत मिलने के बाद वह अदालत में पेश नहीं हुआ और फरार हो गया। इसके बाद हरियाणा पुलिस के अनुरोध पर सीबीआई ने उसके खिलाफ इंटरपोल के जरिए रेड नोटिस जारी करवाया।