नई दिल्ली : नौकरीपेशा लोगों के लिए कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी Employees' Provident Fund Organisation ने बड़ी राहत की घोषणा की है। बहुत जल्द यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस यानी UPI के जरिए कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) खाते से सीधे पैसे निकाले जा सकेंगे। इसका मतलब यह होगा कि भविष्य में पीएफ का पैसा निकालने के लिए लंबी प्रक्रिया या ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। मोबाइल फोन से ही UPI का इस्तेमाल कर सीधे बैंक खाते में पैसा ट्रांसफर किया जा सकेगा।
इस नई सुविधा की जानकारी केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को दी। उन्होंने बताया कि इस सेवा का परीक्षण कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। EPFO अपनी सेवाओं को अधिक तेज, आसान और तकनीक आधारित बनाने के लिए लगातार नए कदम उठा रहा है और UPI आधारित यह नई व्यवस्था उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
मनसुख मांडविया ने कहा कि ऐसी व्यवस्था का परीक्षण पूरा हो चुका है, जिसमें EPF सदस्य UPI पेमेंट गेटवे के माध्यम से अपने खाते से पैसा निकाल सकेंगे। निकाली गई राशि सीधे सदस्य के बैंक खाते में भेज दी जाएगी।
नई प्रणाली के तहत EPF खाते की एक निश्चित राशि ‘फ्रीज’ रखी जाएगी, जबकि बाकी पात्र राशि को सदस्य UPI के जरिए अपने बैंक खाते में ट्रांसफर कर सकेंगे।
सदस्य यह भी देख पाएंगे कि EPFO से जुड़े उनके बैंक खाते में कितनी राशि भेजी जा सकती है। पैसा निकालते समय UPI PIN का इस्तेमाल करना होगा, जिससे लेनदेन को अधिक सुरक्षित बनाने का दावा किया गया है।
एक बार पैसा बैंक खाते में पहुंचने के बाद उसका इस्तेमाल सामान्य बैंक बैलेंस की तरह किया जा सकेगा। यानी सदस्य UPI पेमेंट कर सकेंगे, ऑनलाइन खरीदारी कर सकेंगे या डेबिट कार्ड के जरिए एटीएम से नकद निकासी भी कर पाएंगे।
सिर्फ UPI आधारित निकासी ही नहीं, बल्कि EPFO भविष्य निधि से जुड़े दावों के निपटारे की प्रक्रिया को भी अधिक तेज और स्वचालित बनाने की तैयारी कर रहा है। हाल ही में EPFO के केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति ने बताया था कि जल्द ही अंतिम पीएफ निकासी दावों को भी ऑटो-सेटलमेंट व्यवस्था के दायरे में लाया जाएगा।
इसके अलावा नौकरी बदलने की स्थिति में एक EPF खाते से दूसरे खाते में पीएफ ट्रांसफर की प्रक्रिया को भी पूरी तरह स्वचालित बनाने की योजना तैयार की जा रही है। माना जा रहा है कि इससे कर्मचारियों को होने वाली परेशानी काफी कम हो जाएगी।
वर्तमान समय में EPFO की ऑटो-सेटलमेंट प्रणाली के जरिए 5 लाख रुपये तक के दावों का तेजी से निपटारा किया जा रहा है। EPFO सूत्रों के अनुसार वित्त वर्ष 2026 में 25 फरवरी तक इस व्यवस्था के माध्यम से 3.52 करोड़ से अधिक दावों का निपटारा किया जा चुका है।
पिछले वर्ष जून में ऑटो-सेटलमेंट की सीमा 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये की गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य मैनुअल जांच को कम करना और सदस्यों तक जल्दी पैसा पहुंचाना था। अब UPI आधारित नई सेवा शुरू होने के बाद करोड़ों नौकरीपेशा लोगों के लिए पीएफ निकालने और इस्तेमाल करने का अनुभव पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान और तेज हो सकता है।