कूचबिहार : कूचबिहार जिले में तृणमूल से जुड़े नेता दिलीप देवनाथ की मृत्यु की घटना को लेकर इलाके में चर्चा का माहौल है। पुलिस ने मामले में अस्वाभाविक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, दिलीप देवनाथ कूचबिहार के गुड़ियाहाटी-1 ग्राम पंचायत की तृणमूल सदस्य लक्ष्मी देवनाथ के पति थे। बताया गया है कि शनिवार को उन्होंने अपने फेसबुक अकाउंट पर एक पोस्ट साझा की थी, जिसमें उन्होंने इलाके के कुछ लोगों के खिलाफ आरोप लगाए थे। इसके बाद रविवार सुबह शीतलकुची के गोसाईंर हाट बाजार क्षेत्र में उनका शव बरामद किया गया।
सूत्रों के अनुसार, दिलीप देवनाथ स्वयं भी तृणमूल के सक्रिय कार्यकर्ता और नेता माने जाते थे। चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद वह अपना क्षेत्र छोड़कर शीतलकुची स्थित अपने ससुराल में रह रहे थे। उनके खिलाफ कटमनी लेने सहित विभिन्न प्रकार के भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए थे।
पुलिस ने शव को बरामद कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही अस्वाभाविक मृत्यु का मामला दर्ज कर पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी गई है।
दिलीप देवनाथ की बेटी मधुमिता देवनाथ ने दावा किया कि उनके पिता को लंबे समय से मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। उन्होंने कहा- “मेरे पिता को मानसिक यातना दी गई। वह काफी समय से घर से दूर रह रहे थे। उनके खिलाफ झूठे आरोप लगाए गए। हमारे घर में भी तोड़फोड़ की गई थी।”
इस मामले पर कूचबिहार के तृणमूल नेता अब्दुल जलील अहमद ने कहा- “पुलिस प्रशासन को इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच करनी चाहिए और सभी तथ्यों को सामने लाना चाहिए।”
वहीं भाजपा के जिला महासचिव संजय चक्रवर्ती ने कहा- “दिलीप देवनाथ के फेसबुक पोस्ट में जिन लोगों के नाम दर्ज हैं, यह साबित नहीं हुआ है कि उन नामों को उन्होंने स्वयं ही लिखा था। क्षेत्र के लोग पूरी स्थिति से परिचित हैं और सब कुछ समझ रहे हैं। प्रशासन को असहज स्थिति में डालने के उद्देश्य से भी इस तरह की गतिविधियां की जा सकती हैं।”
पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद ही घटना के संबंध में स्पष्ट निष्कर्ष सामने आ सकेगा।