प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सिंगुर में सभा को संबोधित करने के ठीक 10 दिनों बाद ममता बनर्जी ने सिंगुर में सभा को संबोधित किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभा को लेकर औद्योगिकीकरण की चर्चाएं तो छायी हुई थी लेकिन उन्होंने सिंगुर में उम्मीद के मुताबिक कोई घोषणा नहीं की। बुधवार को मुख्यमंत्री ने सिंगुर में सभा को संबोधित करते हुए न सिर्फ 'घाटाल मास्टर प्लान' का उद्घाटन किया बल्कि 'बांग्लार बाड़ी' परियोजना की अगली किस्त जारी करने की घोषणा भी की।
अपने भाषण के दौरान मुख्यमंत्री ने SIR को लेकर लगातार हमला बोला। बुधवार को ममता बनर्जी को दिल्ली जाना था लेकिन उन्होंने कहा कि मैं आज नहीं तो कल मैं दिल्ली जाऊंगी ही। आप लोगों का अधिकार छीन लेंगे तो मैं चुप नहीं बैठूंगी। जरूरत पड़ी तो मैं अदालत भी जाऊंगी। वकील बनकर नहीं बल्कि आम जनता की तरह। मैंने सभी दस्तावेज संभाल कर रखा है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली जाने से पहले राज्य की राजनीति में बदलाव लाने वाले केंद्र बिंदू सिंगुर की जमीन को छुकर वह जा रही हैं।
सिंगूर से भाजपा पर साधा निशाना
विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा ने टाटा की फैक्ट्री के लिए कब्जे वाली जमीन के एक हिस्से पर जनसभा की थी। हालांकि वहां से कोई खास घोषणा नहीं की गयी थी लेकिन प्रधानमंत्री को बंगाल की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर कटाक्ष करते हुए जरूर सुना गया था। प्रधानमंत्री ने कहा था, 'निवेश तभी आएगा जब कानून-व्यवस्था ठीक होगा।'
ममता बनर्जी ने इसका जवाब देते हुए कहा, 'मैंने सिंगुर की खेती की जमीन किसानों को वापस दिलाने के लिए अपनी जान जोखिम में डाली। मैंने 26 दिन भूख हड़ताल की। मैं इसे कुछ और दिन कर सकती थी। आपलोग सिंगुर आए और बस मुझे गालियां दीं। आपने क्या किया? क्या आपने एक भी ईंट रखी?'
मुझे नहीं पड़ता कोई फर्क
हाल ही में मुख्यमंत्री ने खुद चुनावी रणनीति बनाने वाली कंपनी IPAC के ऑफिस और उसके प्रमुख प्रतीक जैन के घर जब ED की छापेमारी हुई, उस दिन खुद गयी थी। इस घटना को लेकर केंद्रीय जांच एजेंसी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। हालांकि उन्होंने इस मामले पर सीधे तौर पर कोई टिप्पणी नहीं की, लेकिन ममता बनर्जी ने केंद्रीय एजेंसी के गलत इस्तेमाल का मुद्दा उठाया। केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए ममता ने कहा कि आप मुझे परेशान करेंगे। आप मुझे जेल में डालोगे, गोली मारो, मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता। अगर आप मुझे जेल में डालोगे तो बंगाल की माताएं जवाब देंगी। मेरे किसान और मजदूर जवाब देंगे।
बांग्लार बाड़ी (ग्रामीण) की घोषणा
इस दिन के कार्यक्रम में बांग्लार बाड़ी (ग्रामीण) के दूसरे चरण की घोषणा की गयी। इस चरण में राज्य के 20 लाख परिवारों को फायदा होगा। हर परिवार को घर बनाने के लिए 1 लाख 20 हजार रुपये की वित्तीय मदद दी जा रही है। इस चरण में पश्चिम बंगाल सरकार का कुल खर्च 24,000 करोड़ रुपये होगा।
दोनों चरणों में बांग्लार बाड़ी (ग्रामीण) परियोजना के कुल 32 लाख ग्रामीण परिवारों को फायदा होगा। बताया जाता है कि कुल खर्च 38,400 करोड़ रुपये होने वाला है। ममता बनर्जी ने कहा कि दो महीने में 32 लाख परिवारों को घर के लिए रुपए दिए जाएंगे। जैसे ही रुपया बैंक अकाउंट में आएगा घर के लिए ईंटें बिछाने का काम शुरू कर दें। मैं नहीं चाहती कि किसी को तकलीफ हो। सबके सिर पर छत हो।
SIR को लेकर न डरने की सलाह
जब से मतदाता सूची में व्यापक सुधारों का काम शुरू हुआ है राज्य के अलग-अलग हिस्सों से एक के बाद एक BLO और आम लोगों की मौत की खबरें सामने आ रही है। ममता बनर्जी ने आज स्पष्ट कर दिया कि वह SIR के खिलाफ विरोध को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने के लिए दिल्ली जा रही हैं। इसके साथ ही उन्होंने जनता को भरोसा दिलाया कि चिंता करके अपने आप को बीमार मत बनाएं। आत्महत्या का रास्ता मत चुने। जब वे बुलाएं, जाओ। यह बंगाल है, यहां कोई डिटेंशन शिविर नहीं होगा। उनका घमंड चूर-चूर हो जाएगा।