कोल्लम (केरल): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन (Nitin Nabin) ने मंगलवार को राज्य की सत्ताधारी लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (Left Democratic Front-LDF) और विपक्षी पार्टी (यूडीएफ) (United Democratic Front) पर 70 वर्षों तक केरल के विकास को रोकने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 9 अप्रैल को होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों में जनता बदलाव चाहती है।
एएनआई से बातचीत में नवीन ने कहा कि कांग्रेस ने कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश में अपने घोषणापत्र में जो वादे किए थे, उन्हें पूरा नहीं किया, जबकि भाजपा ने अपने वादों को निभाया।
“हमारे वादे हमेशा मोदी गारंटी के साथ आते हैं। पूरे देश में देखा जा सकता है कि जब भी हमने मोदी गारंटी के साथ घोषणापत्र जारी किया, उसे पूरा किया गया। कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस के वादे आज तक पूरे नहीं हुए, जबकि भाजपा ने अपने वादे निभाए। केरल का विकास पिछले 70 सालों से LDF-UDF के ‘मैच फिक्सिंग’ के कारण रुका हुआ था। यहां की जनता LDF-UDF से तंग आ चुकी है और बदलाव चाहती है,” नवीन ने कहा।
भाजपा प्रमुख इस समय कोल्लम जिले की करुनागपल्ली विधानसभा सीट से वीएस जिथिन देव (VS Jithin Dev) (एनडीए उम्मीदवार) के समर्थन में प्रचार कर रहे थे। नवीन ने कहा कि भाजपा केरल में एक मजबूत विकल्प के रूप में खुद को स्थापित करेगी क्योंकि जनता का भरोसा पार्टी पर बढ़ रहा है।
“मैं सीटों की संख्या पर नहीं जाता। जिस तरह युवा और महिलाएं केरल में सामने आ रही हैं, भाजपा में उनके भरोसे का पता हर सीट पर दिखाई देता है। इस बार भाजपा केरल में एक विकल्प के रूप में खुद को स्थापित करेगी। हर राज्य में हम जोरदार प्रचार कर रहे हैं। हमें लगता है कि चुनाव लोकतंत्र का उत्सव हैं। केरल में वोट शेयर के साथ, हमें जनता का भरोसा भी मिला है,” उन्होंने कहा।
केरल विधानसभा चुनाव एक ही चरण में 9 अप्रैल को होंगे, जबकि मतगणना 4 मई को निर्धारित है। केरल में परंपरागत रूप से एलडीएफ और यूडीएफ पांच-पांच साल की अवधि में सत्ता बदलते रहे हैं। हालांकि, 2021 में यह रिवाज टूटा जब मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन (Pinarayi Vijayan) की अगुवाई में एलडीएफ दूसरी लगातार बार चुनी गई। जहां एलडीएफ और यूडीएफ इस चुनाव में अग्रणी माने जा रहे हैं। वहीं भाजपा ने तिरुवनंतपुरम निगम चुनाव में ऐतिहासिक जीत के बाद केरल में अपनी पकड़ मजबूत करने का प्रयास किया है।