पटना/नयी दिल्लीः नितिन नवीन ने सोमवार को स्पष्ट किया कि वह बिहार के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक पद छोड़ने जा रहे हैं। हाल ही में राज्यसभा के लिए चुने जाने के बाद उन्होंने यह फैसला लिया है क्योंकि संवैधानिक नियमों के तहत एक व्यक्ति एक साथ दो सदनों का सदस्य नहीं रह सकता।
यह बयान ऐसे समय आया है जब राज्य की राजनीति में नए नेतृत्व को लेकर चर्चाएं तेज हैं। इसी बीच नीतीश कुमार भी उच्च सदन के सदस्य चुने गए हैं और उन्होंने पहले ही अपनी विधान परिषद सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है।
सोशल मीडिया पर साझा संदेश में नवीन ने अपने लंबे राजनीतिक सफर को याद करते हुए कहा कि वे नई जिम्मेदारी के साथ भी बिहार और अपने क्षेत्र के विकास के लिए पूरी निष्ठा से काम करते रहेंगे। उन्होंने जनता और पार्टी कार्यकर्ताओं से मिले समर्थन को अपनी सबसे बड़ी ताकत बताया। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में वे विकसित भारत और विकसित बिहार के लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।
अपने शुरुआती दिनों को याद करते हुए उन्होंने बताया कि 2006 में पिता के निधन के बाद उन्हें पहली बार चुनाव लड़ने का अवसर मिला था। तब से लेकर अब तक वे लगातार जनता के बीच रहकर काम करते आए हैं और कई विकास कार्यों को आगे बढ़ाया है। विधायक के रूप में उन्हें सदन के भीतर और बाहर दोनों जगह लोगों की आवाज उठाने का अवसर मिला, जिससे कई समस्याओं का समाधान संभव हो सका।