चंडीगढ़ : महाराजा श्रीशचंद्र कॉलेज और कलकत्ता विश्वविद्यालय के लिए गर्व का क्षण सामने आया है। कॉलेज के बी.कॉम (ऑनर्स) तृतीय सेमेस्टर के मेधावी छात्र विश्वकर्मा महतो ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीतकर संस्थान और राज्य का नाम रोशन किया है।
हरियाणा के महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय, रोहतक में 9 से 13 मार्च 2026 तक आयोजित ‘अखिल भारतीय अंतर-विश्वविद्यालय पेन्साक सिलाट चैंपियनशिप 2025–26’ में विश्वकर्मा महतो ने कलकत्ता विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व किया। प्रतियोगिता के ‘गांडा’ इवेंट में उन्होंने शानदार कौशल, अनुशासन और तकनीकी दक्षता का प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत के साथ उन्होंने पश्चिम बंगाल और अपने कॉलेज को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई।
इस प्रतियोगिता में केवल व्यक्तिगत ही नहीं बल्कि टीम स्तर पर भी कलकत्ता विश्वविद्यालय ने प्रभावशाली प्रदर्शन किया। विश्वविद्यालय की टीम ने समग्र प्रदर्शन के आधार पर तीसरा स्थान प्राप्त कर ट्रॉफी अपने नाम की। टीम की इस उपलब्धि ने विश्वविद्यालय के खेल इतिहास में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ दिया है।
विश्वकर्मा महतो की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर कॉलेज प्रशासन, शिक्षक और छात्र-छात्राओं में खुशी की लहर है। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अमित मजुमदार ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेल भी व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने बताया कि विश्वकर्मा की मेहनत, अनुशासन और समर्पण अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
डॉ. मजुमदार ने कहा कि कॉलेज प्रशासन भविष्य में भी विश्वकर्मा को हर संभव सहयोग प्रदान करेगा। उन्होंने विश्वकर्मा महतो और पूरी विश्वविद्यालय टीम को इस शानदार सफलता के लिए हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। वहीं कॉलेज परिसर में इस उपलब्धि को लेकर छात्रों में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।