पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने जैसे ही उम्मीदवारों की पहली सूची मंगलवार को जारी उसके बाद से ही पार्टी छोड़कर तृणमूल कांग्रेस में शामिल होने वाले नेताओं की संख्या बढ़ गयी है। पवित्र कर (Pavitra Kar) ने भाजपा को छोड़ तृणमूल कांग्रेस का दामन थाम लिया है।
उन्हें अभिषेक बनर्जी ने पार्टी का झंडा पकड़ा कर तृणमूल में शामिल करवाया। वह नंदीग्राम 2 ब्लॉक के बयाल 1 ग्राम पंचायत से भाजपा नेता थे जो मंगलवार को तृणमूल में शामिल हो गए।
कौन हैं पवित्र कर?
ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के अधिकारिक X हैंडल पर इस बाबत जानकारी देते हुए फोटो भी शेयर की गयी है। बता दें, पवित्र कर नंदीग्राम-2 ब्लॉक के बयाल-1 ग्राम पंचायत से कई बार प्रधान व उपप्रधान की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। उन्हें दिलीप घोष ने भाजपा में शामिल करवाया था। हालांकि 22 नवंबर 2020 से पहले तक वह तृणमूल के प्रधान व उपप्रधान के तौर पर ही अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। शुभेंदु अधिकारी के भाजपा में शामिल होने से पहले ही पवित्र कर ने तृणमूल छोड़कर भाजपा में शामिल होने का फैसला लिया था।
क्या शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ तृणमूल का मास्टरस्ट्रोक?
भाजपा में शामिल होने के बावजूद समय के साथ-साथ पार्टी के साथ उनके रिश्तों में कड़वाहट बढ़ती रही। संभवतः इसी वजह से 2026 के विधानसभा चुनाव से पहले पवित्र कर ने फिर से तृणमूल में शामिल होने का फैसला ले लिया। संभावना जतायी जा रही है कि नंदीग्राम में पवित्र कर ही तृणमूल कांग्रेस का शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ मास्टरस्ट्रोक बन सकते हैं।
क्या नंदीग्राम सीट से तृणमूल पवित्र कर को चुनाव के मैदान में उतारेगी? यह शायद आज दोपहर 3.15 बजे ही स्पष्ट हो जाएगी जब तृणमूल कांग्रेस अपने उम्मीदवारों की सूची जारी करेगा। जानकारों का मानना है कि अगर विधानसभा चुनाव में शुभेंदु अधिकारी के सामने पवित्र कर को उतारा जाता है तो नंदीग्राम में सच में बड़ा खेल हो सकता है।