नयी दिल्लीः चीन ने कहा, ‘अच्छा मित्र और पड़ोसी’। अमेरिका ने कहा, ‘ऐतिहासिक संबंध’।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर नई दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास की ओर से अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बधाई संदेश जारी किया गया। अपने संदेश में ट्रंप ने कहा, “अमेरिका की ओर से भारत सरकार और वहां की जनता को 77वें गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं। दुनिया के सबसे प्राचीन और सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश अमेरिका और भारत के बीच ऐतिहासिक संबंध हैं।”
गणतंत्र दिवस पर चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने भी भारत को शुभकामनाएं दीं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को बधाई संदेश भेजते हुए उन्होंने भारत और चीन को ‘अच्छे पड़ोसी, मित्र और साझेदार’ बताया। चीन के राष्ट्रपति ने आगे कहा कि दोनों देशों के संबंध दोनों देशों के मूल हितों के अनुरूप हैं और विश्व शांति एवं समृद्धि में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। नई दिल्ली और बीजिंग के अच्छे संबंध दोनों देशों के स्वस्थ और स्थिर विकास में सहायक होंगे।
पिछले कुछ महीनों से भारत और अमेरिका के बीच टैरिफ को लेकर खींचतान चल रही है। रूस से तेल खरीदने के कारण ‘दंडात्मक’ शुल्क लगाने की दौड़ में अमेरिका उतर पड़ा। दूसरी ओर, कुछ महीने पहले शंघाई सम्मेलन में चीन और रूस के साथ भारत की नजदीकियों को देखकर भी ट्रंप काफी नाराज़ हो गए थे। दोनों देश द्विपक्षीय व्यापार समझौते को लागू करने के लिए भी रणनीतिक कदम उठा रहे हैं।
वहीं दूसरी ओर भारत-प्रशांत क्षेत्र में शांति और समृद्धि के लिए नई दिल्ली और बीजिंग के बीच नजदीकियां बढ़ने लगी हैं। सीमा विवाद को सुलझाने और सीमा-पार आतंकवाद पर नियंत्रण के लिए दोनों देशों ने मित्रतापूर्ण सहअस्तित्व बनाए रखने की बात कही है। कूटनीतिक संबंधों में उतार-चढ़ाव के बीच गणतंत्र दिवस पर भारत को बधाई देकर दो प्रतिद्वंद्वी देशों ने मित्रता का संदेश दिया है।